योगेंद्र मलिक
देहरादून, 2 फरवरी 2026:
उत्तराखंड के देहरादून में हर साल आयोजित होने वाला प्रसिद्ध वसंतोत्सव इस बार 27 फरवरी से 01 मार्च 2026 तक आयोजित किया जाएगा। राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल गुरमीत सिंह (से नि) ने लोक भवन में हुई बैठक में निर्देश दिए कि इस उत्सव को पूरे उत्साह और भव्यता के साथ मनाया जाए। उन्होंने कहा कि अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए और वसंतोत्सव को राज्य से बाहर भी पहचान दिलाने के लिए व्यापक प्रचार किया जाए। अन्य राज्यों के अधिकारियों और प्रतिनिधियों को भी आमंत्रित करने पर जोर दिया गया।
मिलेट थीम पर फूड कोर्ट और शहद को बढ़ावा
राज्यपाल ने वसंतोत्सव में एक विशेष फूड कोर्ट स्थापित करने के निर्देश दिए, जो आईएचएम, जीएमवीएन और महिला स्वयं सहायता समूहों के सहयोग से तैयार होगा। फूड कोर्ट की थीम पारंपरिक मोटे अनाज यानी मिलेट पर आधारित होगी। उन्होंने शहद उत्पादन को विशेष रूप से प्रोत्साहित करने की बात कही। साथ ही घोषणा की कि इस बार वसंतोत्सव के अवसर पर प्रगतिशील किसान, महिला और युवा स्टार्टअप को राज्यपाल विशेष पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। पुष्प उत्पादन के क्षेत्र में बेहतरीन कार्य करने वालों को यह सम्मान दिया जाएगा।

फ्लोरीकल्चर को बाजार से जोड़ने की पहल
राज्यपाल ने कहा कि उत्तराखंड में पुष्प उत्पादन को बढ़ावा देने के उद्देश्य से वसंतोत्सव एक महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने पुष्प प्रदर्शनी को व्यावसायिक गतिविधियों से जोड़ने पर जोर दिया, ताकि राज्य के फूलों की पहचान प्रदेश के साथ-साथ देशभर में बन सके। इसके साथ ही शहद, अरोमा और मिलेट जैसे उत्पादों को बढ़ावा देने की बात कही, जिन्हें उत्तराखंड की विशेष पहचान बताया गया। सभी तैयारियों को समय पर पूरा करने के निर्देश अधिकारियों को दिए गए।
165 पुरस्कारों के लिए होंगी 15 श्रेणियों में प्रतियोगिताएं
वसंतोत्सव के दौरान पुष्प प्रदर्शनी में 15 अलग-अलग श्रेणियों में प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी, जिनमें कुल 165 पुरस्कार दिए जाएंगे। इनमें कट फ्लावर, पॉटेड प्लांट, लूज फ्लावर अरेंजमेंट, हैंगिंग पॉट, ऑन द स्पॉट फोटोग्राफी, लिलियम, वेजिटेबल गार्डनिंग, बोनसाई, सोयल लेस हाइड्रोपोनिक खेती, टेरेरियम, शहद प्रसंस्करण और पुष्प आधारित रंगोली शामिल हैं। इसके अलावा व्यावसायिक और निजी पुष्प उत्पादकों तथा सरकारी उद्यानों की प्रदर्शनियां भी लगेंगी।
संस्कृति, योग और बच्चों की रचनात्मकता का संगम
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में आईटीबीपी, आईएमए, पीएसी, पाइप बैंड और होमगार्ड के आकर्षक बैंड प्रदर्शन होंगे। सांस्कृतिक संध्याओं का आयोजन भी किया जाएगा। पहली बार एनआईएम उत्तरकाशी का लाइव डेमो, एनआईवीएच और निरामया योग ग्राम का योग प्रदर्शन, जूडो और मार्शल आर्ट शो भी देखने को मिलेंगे। 5 से 18 वर्ष के स्कूली बच्चों, अनाथालयों, दिव्यांग और रैग पिकर्स बच्चों के लिए पेंटिंग प्रतियोगिता का भी आयोजन किया जाएगा। बैठक में कई वरिष्ठ अधिकारी और विभिन्न विभागों के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।






