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सहमति की आयु 18 से घटाकर 16 वर्ष हो, वरिष्ठ अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह ने सुप्रीम कोर्ट में रखी मांग

नई दिल्ली, 25 जुलाई 2025

सहमति और पॉक्सो मामलों में वरिष्ठ अधिवक्ता इंदिरा जयसिंह ने सुप्रीम कोर्ट में एक अहम मांग रखी है। निपुण सक्सेना बनाम भारत संघ मामले में सुप्रीम कोर्ट की सहायता कर रहीं जयसिंह ने मांग की है कि आईपीसी की धारा 375 और पॉक्सो मामलों में यौन सहमति की उम्र 18 साल से घटाकर 16 साल की जाए।

18 साल से कम उम्र के किसी व्यक्ति के साथ यौन संबंध बनाना एक आपराधिक कृत्य माना जाता है और पॉक्सो एक्ट के तहत मामले दर्ज किए जाते हैं। इंदिरा ने कहा कि ऐसा करना युवाओं के अधिकारों का उल्लंघन है। ‘मौजूदा न्यायिक व्यवस्था, जो युवाओं की परिपक्वता और स्वायत्तता की परवाह नहीं करती, इस तरह के सहमति से बनाए गए यौन संबंध को अपराध मानती है।’

उन्होंने कहा, “सहमति की उम्र 16 से बढ़ाकर 18 साल करने की ज़रूरत का समर्थन करने वाला कोई आँकड़ा मौजूद नहीं है।” 70 साल की उम्र तक सहमति की उम्र 16 साल थी। 2013 में आपराधिक कानून (संशोधन) अधिनियम में इसे बढ़ाकर 18 साल कर दिया गया। इंदिरा ने कहा कि इस फ़ैसले पर कोई चर्चा नहीं हुई और यह जस्टिस वर्मा समिति की सिफ़ारिशों का भी उल्लंघन करता है।

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