नई दिल्ली, 27 फरवरी 2026:
दिल्ली की राउज एवेन्यू कोर्ट ने कथित दिल्ली शराब नीति मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो यानी सीबीआई द्वारा दर्ज केस में दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया को बड़ी राहत देते हुए आरोपों से मुक्त कर दिया। अदालत के फैसले के बाद राजधानी की सियासत एक बार फिर गर्म हो गई है।
फैसले के बाद केजरीवाल अपने आवास से पार्टी दफ्तर तक रोड शो करते नजर आए। रास्ते भर समर्थकों की भीड़ उमड़ी रही। उन्होंने हाथ में गदा लेकर लोगों का अभिवादन किया और इसे सच की जीत बताया। प्रेस कॉन्फ्रेंस में केजरीवाल ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना रहा कि आम आदमी पार्टी को राजनीतिक तौर पर कमजोर करने के लिए पूरी साजिश रची गई। उन्होंने कहा कि जब चुनाव में हराना मुश्किल लगा तो जांच एजेंसियों का इस्तेमाल किया गया और अब सच सामने आ गया है। उन्होंने दोनों नेताओं से देश से माफी मांगने की बात भी कही।
केजरीवाल भावुक भी नजर आए। उन्होंने कहा कि जेल जाना सिर्फ राजनीतिक मुद्दा नहीं होता, इसका असर परिवार पर भी पड़ता है। उन्होंने कहा कि वह ऐसे नेता नहीं हैं जिन पर कोई फर्क न पड़े। इस दौरान उन्होंने दिल्ली सरकार के अपने कामों का जिक्र करते हुए शिक्षा और विकास के मुद्दों को उठाया।
उन्होंने दावा किया कि उनकी सरकार ने शिक्षा और बुनियादी ढांचे में बड़े काम किए, जबकि मौजूदा हालात में सड़कों और व्यवस्थाओं की स्थिति खराब हुई है। उनका कहना रहा कि अगर विकास के आधार पर मुकाबला किया जाए तो किसी को भी विपक्षी नेताओं को जेल भेजने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
केजरीवाल ने कहा कि अदालत ने विस्तृत आदेश में सबूतों और गवाहों की जांच के बाद फैसला सुनाया और यह साफ किया कि मुकदमा चलाने लायक पर्याप्त आधार नहीं था। उन्होंने न्यायपालिका का आभार जताते हुए कहा कि सच आखिरकार सामने आ ही गया।






