एमएम खान
मोहनलालगंज (लखनऊ), 16 अप्रैल 2026:
राजधानी के पीजीआई थाना क्षेत्र के तेलीबाग में स्थित राम भरोसे मैकूलाल इंटर कॉलेज की जमीन को लेकर बुधवार को इलाके में विरोध तेज हो गया। तेलीबाग सामाजिक एवं जन कल्याण समिति के बैनर तले लोग सड़क पर उतर आए और पैदल मार्च निकालकर प्रशासन को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। लोगों ने अवैध कब्जा हटाने और पूरे मामले की सख्त जांच की मांग उठाई।
समिति के अध्यक्ष एमएल गुप्ता की अगुवाई में मार्च शनि मंदिर से शुरू हुआ और हनुमान मंदिर तक पहुंचा। इस दौरान पुरुष, महिलाएं और युवा हाथों में तख्तियां लेकर नारे लगाते रहे। प्रदर्शनकारियों ने साफ कहा कि कॉलेज की जमीन को बचाना जरूरी है, नहीं तो संस्था का वजूद खतरे में पड़ जाएगा।
स्थानीय लोगों का आरोप है कि कॉलेज की कीमती जमीन पर भू-माफियाओं के साथ प्रबंधन के कुछ लोगों की मिलीभगत से लंबे समय से खेल चल रहा है। नियमों को दरकिनार कर जमीन को लीज पर दिया गया और दुकानों के रूप में बेच दिया गया। आरोप यह भी है कि कुछ क्लासरूम तक का इस्तेमाल व्यावसायिक काम में किया जा रहा है।

ज्ञापन में बताया गया कि इस इंटर कॉलेज की स्थापना 1952 में लाला राम भरोसे मैकूलाल ने गरीब और वंचित बच्चों की पढ़ाई के लिए की थी। बाद में 1959 के समझौते में साफ तय हुआ था कि जमीन का इस्तेमाल सिर्फ पढ़ाई, खेती और खेल के लिए होगा। किसी तरह का व्यापारिक उपयोग पूरी तरह मना था।
इसके बावजूद करीब 24 से 25 एकड़ जमीन के बड़े हिस्से को लीज पर देकर बेचे जाने का आरोप लगाया गया है। समिति का कहना है कि इस मामले में विभागीय और न्यायिक जांच में गड़बड़ियां सामने आ चुकी हैं, फिर भी अवैध गतिविधियां रुक नहीं रहीं। इससे प्रशासन की भूमिका पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि कॉलेज में पढ़ रहे करीब ढाई हजार छात्रों का भविष्य दांव पर लगा है। अगर जल्द कार्रवाई नहीं हुई तो पढ़ाई पर सीधा असर पड़ेगा।
समिति ने मुख्यमंत्री से पूरे मामले की उच्चस्तरीय जांच कराने, दोषियों पर सख्त कार्रवाई करने और कॉलेज की जमीन को कब्जे से मुक्त कराने की मांग की है। साथ ही चेतावनी दी गई कि समय रहते कदम न उठाया गया तो आंदोलन को और तेज किया जाएगा।






