लखनऊ, 18 मई 2026:
मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में सोमवार को हुई कैबिनेट बैठक में मिर्जापुर में सरदार पटेल एपेक्स यूनिवर्सिटी की स्थापना को मंजूरी दे दी गई। इस फैसले से पूर्वांचल के हजारों छात्रों को अपने ही क्षेत्र में गुणवत्तापूर्ण उच्च शिक्षा की सुविधा मिल सकेगी और उन्हें पढ़ाई के लिए वाराणसी, प्रयागराज, लखनऊ या दिल्ली जैसे शहरों की ओर पलायन नहीं करना पड़ेगा।
प्रदेश सरकार ने एपेक्स वेलफेयर ट्रस्ट को उत्तर प्रदेश निजी विश्वविद्यालय अधिनियम, 2019 के तहत आशय पत्र (लेटर ऑफ इंटेंट) जारी करने के प्रस्ताव को मंजूरी दी है। ट्रस्ट मिर्जापुर जिले की चुनार तहसील के समसपुर गांव में करीब 50.45 एकड़ भूमि पर इस विश्वविद्यालय की स्थापना करेगा।
उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने कहा कि इस विश्वविद्यालय के खुलने से मिर्जापुर सोनभद्र, भदोही, चंदौली और आसपास के जिलों के विद्यार्थियों को आधुनिक और व्यावसायिक शिक्षा के नए अवसर मिलेंगे। इससे ग्रामीण पृष्ठभूमि के उन छात्रों को विशेष लाभ होगा जो आर्थिक कारणों से दूर शहरों में पढ़ाई नहीं कर पाते।
उन्होंने बताया कि विश्वविद्यालय बनने से केवल शिक्षा ही नहीं, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। निर्माण कार्य से लेकर शिक्षकों, प्रशासनिक कर्मचारियों और अन्य सेवाओं में बड़ी संख्या में नौकरियां पैदा होंगी। साथ ही आसपास के क्षेत्रों में आवास, परिवहन, खानपान और छोटे कारोबारों को भी बढ़ावा मिलेगा।
मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश में उच्च शिक्षा का तेजी से विस्तार हुआ है। वर्ष 2017 तक प्रदेश में जहां केवल 14 सरकारी विश्वविद्यालय थे, वहीं पिछले नौ वर्षों में आठ नए सरकारी विश्वविद्यालय स्थापित किए जा चुके हैं। इसी अवधि में निजी विश्वविद्यालयों की संख्या 29 से बढ़कर 52 तक पहुंच गई है। इसके अलावा आठ संस्थानों को पहले ही लेटर ऑफ इंटेंट जारी किया जा चुका है। सरदार पटेल एपेक्स यूनिवर्सिटी की स्थापना से पूर्वांचल में शिक्षा का नया केंद्र विकसित होगा।






