एमएम खान
मोहनलालगंज (लखनऊ), 31 दिसंबर 2025:
यूपी की राजधानी लखनऊ के मोहनलालगंज तहसील क्षेत्र अवैध कब्जों के खिलाफ प्रशासन ने एक बार फिर कड़ा रुख अपनाया है। शिवलर गांव में राजस्व विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने सरकारी भूमि पर अवैध रूप से की गई प्लाटिंग के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाया। प्रशासनिक अधिकारियों की मौजूदगी में करीब दो बीघा भूमि को अतिक्रमणकारियों से मुक्त कराया गया। इसकी बाजार मूल्य लगभग दो करोड़ रुपये आंकी गई है।
जानकारी के मुताबिक शिवलर गांव स्थित उक्त जमीन सरकारी पशुचर के रूप में दर्ज है। इसके बावजूद एक निजी प्लाटिंग कंपनी ने लंबे समय से इस क्षेत्र में अवैध कब्जा जमाकर सड़क, चहारदीवारी और प्लाटों के निशान तक बना डाले थे। ग्रामीणों की शिकायतों के बाद राजस्व विभाग की जांच में यह खुलासा हुआ। इसके बाद उच्चाधिकारियों के निर्देश पर कार्रवाई तय की गई।
राजस्व विभाग की टीम पुलिस बल और भारी मशीनरी के साथ मौके पर पहुंची। तहसीलदार रितुराज के नेतृत्व में अवैध निर्माणों को एक-एक कर ध्वस्त किया गया। बुलडोजर की मदद से चहारदीवारी, सड़क निर्माण के अवशेष और प्लाटिंग के निशान जमींदोज कर दिए गए।

मोहनलालगंज के एसडीएम पवन पटेल ने कहा कि यह कार्रवाई अवैध कब्जाधारियों को स्पष्ट संदेश है कि सरकारी जमीनों पर अतिक्रमण किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने बताया कि जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि संबंधित प्लाटिंग कंपनी ने शिवलर के अलावा बेली गांव में भी कई स्थानों पर इसी तरह सरकारी जमीनों पर कब्जा कर अवैध प्लाटिंग की है। इन मामलों को गंभीरता से लेते हुए बेली गांव में भी अभियान चलाया जाएगा।
प्रशासन की इस सख्त कार्रवाई से क्षेत्र में अवैध प्लाटिंग करने वालों में खलबली मच गई है। ग्रामीणों का कहना है कि लंबे समय बाद पहली बार इस तरह की निर्णायक कार्रवाई देखने को मिली है। अधिकारियों ने साफ किया है कि आगे भी अभियान जारी रहेगा और जहां भी अवैध कब्जे की शिकायत मिलेगी वहां सख्त कदम उठाए जाएंगे।






