न्यूज डेस्क, 16 जनवरी 2026:
एलन मस्क की कंपनी X ने अपने AI चैटबॉट Grok AI से जुड़ा एक बड़ा फैसला लिया है। अब ग्रोक के जरिए किसी भी असली व्यक्ति की अश्लील या आपत्तिजनक तस्वीर बनाना पूरी दुनिया में प्रतिबंधित कर दिया गया है। महिलाओं और बच्चों की तस्वीरों के गलत इस्तेमाल की लगातार शिकायतों के बाद यह कदम उठाया गया है। यह रोक पेड और फ्री दोनों तरह के यूजर्स पर लागू होगी।
तकनीकी बदलाव, अब कपड़े बदलने वाली एडिटिंग भी बंद
X के सेफ्टी अकाउंट ने जानकारी दी कि प्लेटफॉर्म पर तकनीकी स्तर पर बदलाव किए गए हैं। इन बदलावों के बाद ग्रोक अब किसी असली व्यक्ति की बिना कपड़ों वाली या आपत्तिजनक तस्वीर नहीं बना पाएगा। बिकिनी या कम कपड़ों में दिखाने वाली एडिटिंग पर भी पूरी तरह रोक लगा दी गई है। कंपनी का कहना है कि इसका मकसद लोगों की निजता की रक्षा करना और प्लेटफॉर्म का गलत इस्तेमाल रोकना है।

महिलाओं की शिकायतों से शुरू हुआ मामला
इस पूरे विवाद की शुरुआत पिछले साल दिसंबर में हुई, जब कई महिलाओं ने शिकायत की कि उनकी तस्वीरों का इस्तेमाल ग्रोक AI से सेक्शुअल इमेज बनाने में किया जा रहा है। शिकायतों के बाद भारत सरकार के IT मंत्रालय की साइबर लॉ डिवीजन ने X को IT नियम 2021 के तहत आपत्तिजनक कंटेंट हटाने के निर्देश दिए थे। आरोप था कि फर्जी अकाउंट बनाकर महिलाओं की तस्वीरें पोस्ट की जाती थीं और फिर AI से उन्हें गलत तरीके से बदला जाता था।
— Safety (@Safety) January 14, 2026
भारत में 3500 फोटो हटाई गईं, 600 अकाउंट बैन
X ने अपनी एक्शन रिपोर्ट में बताया कि भारत में ग्रोक के जरिए बनाई गई करीब 3500 आपत्तिजनक तस्वीरों को हटाया गया है। इसके साथ ही ऐसे 600 यूजर्स की पहचान कर उन्हें प्लेटफॉर्म से बैन कर दिया गया, जो बार बार इस AI टूल का गलत इस्तेमाल कर रहे थे। कंपनी का कहना है कि भविष्य में इस तरह के मामलों पर और सख्ती की जाएगी।
इलॉन मस्क का पुराना बयान फिर चर्चा में
इससे पहले Elon Musk ने इस मुद्दे पर कहा था कि किसी गलत काम के लिए टूल को जिम्मेदार नहीं ठहराया जा सकता। उन्होंने कहा था कि जैसे पेन यह तय नहीं करता कि क्या लिखा जाएगा, वैसे ही ग्रोक भी यूजर के इनपुट पर काम करता है। हालांकि अब बढ़ते दबाव और शिकायतों के बाद X ने ग्रोक पर सख्त प्रतिबंध लागू कर दिया है।






