राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 12 फरवरी 2026 :
राजधानी देहरादून में तिब्बती मार्केट के सामने गैस एजेंसी संचालक अर्जुन शर्मा की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या के मामले में पुलिस ने महज 24 घंटे के भीतर दो मुख्य आरोपियों को अलग अलग मुठभेड़ों में गिरफ्तार कर लिया। दोनों बदमाशों के पैर में गोली लगी है और उनका इलाज कोरोनेशन अस्पताल में चल रहा है।
बता दें कि देहरादून के तिब्बती मार्केट के पास दिनदहाड़े व्यापारी अर्जुन शर्मा की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वह परेड ग्राउंड में टेनिस खेलने पहुंचे थे। इस दौरान स्कूटी सवार बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज खंगालकर पूरे शहर में नाकेबंदी की। संदिग्धों की तलाश में लगातार दबिश दी जा रही थी। इसी दौरान गुरुवार तड़के रायपुर थाना क्षेत्र के लाडपुर जंगल में पुलिस को एक संदिग्ध की सूचना मिली।

नाकेबंदी के दौरान जब उसे रोकने की कोशिश की गई तो उसने पुलिस टीम पर फायरिंग कर दी। जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उसे घेर लिया। मुठभेड़ में उसके पैर में गोली लगी और उसे मौके से गिरफ्तार कर लिया गया। पहली गिरफ्तारी के कुछ ही देर बाद लालतप्पर पुलिस चौकी क्षेत्र में एक और कार्रवाई हुई। स्कूटी सवार एक युवक को रुकने का इशारा किया गया तो वह भागने लगा। पीछा करने पर वह एक खंडहर पड़ी फैक्ट्री में घुस गया और वहां से पुलिस पर फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने घेराबंदी कर जवाबी फायरिंग की, जिसमें उसके दाहिने पैर में गोली लगी। उसे भी दबोच लिया गया।
बताया गया कि दोनों आरोपी राजू राणा व पंकज राणा सगे भाई हैं। इनका आपराधिक इतिहास है। दोनों ने इस हत्या के बदले 10 से 15 लाख की सुपारी ली थी। पुलिस के मुताबिक दोनों आरोपियों के पास से दो तमंचे और एक स्कूटी बरामद हुई है। शुरुआती पूछताछ में दोनों ने तिब्बती मार्केट के सामने अर्जुन शर्मा की हत्या में शामिल होने की बात कबूल की है। मुठभेड़ की जानकारी मिलते ही वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। एसएसपी अजय सिंह खुद कोरोनेशन अस्पताल पहुंचे और घायल आरोपियों की सुरक्षा व इलाज की स्थिति का जायजा लिया। साथ ही टीमों को आगे की जांच के निर्देश दिए। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि हत्या के पीछे असली वजह क्या थी। क्या यह रंजिश का मामला है या फिर किसी बड़े गिरोह की साजिश। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इस वारदात में और कौन कौन लोग शामिल हैं।






