Uttarakhand

अर्जुन हत्याकांड: प्रॉपर्टी विवाद में मां ने दी थी बेटे की सुपारी… मां व किलर समेत पांच गए जेल

मां ने 14 करोड़ में की थी सम्पत्ति का सौदा, आठ करोड़ का हो चुका था भुगतान, अर्जुन ने एतराज कर हासिल किया था स्टे ऑर्डर, यही बना कत्ल की वजह

राजकिशोर तिवारी

देहरादून, 13 फरवरी 2026:

तिब्बती मार्केट के बाहर दिनदहाड़े कारोबारी व टेनिस खिलाड़ी अर्जुन शर्मा की हत्या का पुलिस ने 24 घंटे के भीतर खुलासा कर दिया। जांच में जो कहानी सामने आई, उसने मां-बेटे के रिश्तों को झकझोर दिया। पुलिस के मुताबिक, प्रॉपर्टी विवाद में अर्जुन की मां बीना शर्मा ने ही अपने बेटे की हत्या की सुपारी दी थी।

एसएसपी अजय सिंह ने बताया कि जीएमएस रोड स्थित एक संपत्ति को लेकर विवाद चल रहा था। इस संपत्ति का सौदा डॉ. अजय खन्ना से 14 करोड़ रुपये में तय हुआ था। इसमें से 8 करोड़ रुपये बीना शर्मा को दिए जा चुके थे। अर्जुन इस सौदे से नाराज था और वह संपत्ति में अपना आधा हिस्सा चाहता था। इसी बात को लेकर मां-बेटे के बीच लगातार तनातनी चल रही थी।

मामला अदालत तक पहुंच गया और अर्जुन ने संपत्ति पर स्टे ले लिया। उधर, मोटी रकम देने के बाद भी कब्जा न मिलने से डॉ. खन्ना परेशान था और वह पैसे वापस मांग रहा था। इसी तनाव के बीच साजिश रची गई। पुलिस के अनुसार, बीना शर्मा, डॉ. अजय खन्ना और उनके साथी विनोद उनियाल ने मिलकर अर्जुन को रास्ते से हटाने की योजना बनाई।

जांच में सामने आया कि हत्या के लिए 12 लाख की सुपारी दी गई। विनोद उनियाल के ड्राइवर पंकज राणा ने अपने भाई राजू राणा के साथ मिलकर यह सुपारी ली। तीन लाख रुपये एडवांस दिए गए थे, बाकी रकम काम होने के बाद मिलनी थी।

वारदात वाले दिन राजू ने अर्जुन के सीने से सटाकर तमंचे से गोली मार दी। घटना के बाद दोनों फरार हो गए थे, लेकिन पुलिस ने मुठभेड़ के बाद उन्हें पकड़ लिया। पूछताछ में दोनों ने रुपये के लालच में हत्या करना कबूल किया है।

पुलिस ने इस मामले में बीना शर्मा, डॉ. अजय खन्ना, विनोद उनियाल, राजू और पंकज को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल जिले के कोटद्वार क्षेत्र के रहने वाले हैं और फिलहाल देहरादून में रह रहे थे। एसएसपी ने बताया कि हत्या की असली वजह प्रॉपर्टी विवाद और पैसों का दबाव था। पुलिस अब पूरे मामले में वित्तीय लेनदेन और अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

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