लखनऊ, 23 फरवरी 2026:
लखनऊ शहर के छोटे मकानों के मालिकों के लिए नगर निगम ने नए बजट में बड़ी राहत का ऐलान किया है। जिन आवासीय मकानों का वार्षिक किराया मूल्यांकन (एआरवी) 900 रुपये तक है उन्हें एक बार फिर गृहकर में पांच प्रतिशत की छूट दी जाएगी। नगर निगम कार्यकारिणी द्वारा प्रस्ताव पास होने के बाद शहर के 60 हजार से अधिक भवनस्वामियों को फायदा मिलने की उम्मीद है।
यह फैसला खासतौर पर निम्न आय वर्ग के परिवारों की जेब पर पड़ने वाले बोझ को कम करेगा। बजट में देश सेवा और समाज में उत्कृष्ट योगदान देने वालों को भी सम्मान के रूप में गृहकर में छूट दी गई है। परमवीर चक्र, अशोक चक्र सहित अन्य सैन्य व असैन्य शौर्य पदकों से सम्मानित भूतपूर्व सैनिकों, उनकी विधवाओं और आश्रितों (पति-पत्नी, नाबालिग बच्चे व अविवाहित पुत्री) को आवासीय भवन होने और स्वयं निवास करने की शर्त पर गृहकर से मुक्त रखा गया है।
इसी तरह राष्ट्रपति से शौर्य पदक प्राप्त पुलिस कर्मी या अधिकारी तथा अर्जुन पदक धारक भी गृहकर नहीं देंगे। भारत रत्न से सम्मानित व्यक्तियों को भी इस श्रेणी में पूर्ण छूट मिलेगी। वैज्ञानिकों, खिलाड़ियों और राष्ट्रीय स्तर के पत्रकारों को गृहकर में 50 प्रतिशत की छूट देने का प्रावधान किया गया है। स्वतंत्रता संग्राम सेनानी, उनकी विधवाएं और आश्रित गृहकर से मुक्त रहेंगे।
दिव्यांगजनों के लिए बजट में संवेदनशील प्रावधान किए गए हैं। 80 से 100 प्रतिशत दिव्यांगता वाले व्यक्तियों को गृहकर नहीं देना होगा, जबकि 50 से अधिक और 80 प्रतिशत से कम दिव्यांगता पर 50 प्रतिशत की छूट मिलेगी। हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने के उद्देश्य से केंद्र सरकार की पीएम सूर्य घर योजना के तहत जिन घरों पर सोलर पैनल लगाए जाएंगे, उन्हें गृहकर में 10 प्रतिशत की अतिरिक्त छूट दी जाएगी।
नगर निगम के अधिकारियों का मानना है कि इस फैसले से न सिर्फ आम नागरिकों को राहत मिलेगी बल्कि स्वच्छ ऊर्जा अपनाने को भी प्रोत्साहन मिलेगा। बजट में की गई ये घोषणाएं सामाजिक सरोकारों और पर्यावरणीय जिम्मेदारी के संतुलन की दिशा में अहम कदम मानी जा रही हैं।






