न्यूज डेस्क, 3 मार्च 2026:
भारतीय जनता पार्टी ने मंगलवार को राज्यसभा की नौ सीटों के लिए अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है। इस सूची में सबसे प्रमुख नाम पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नबीन का है। उन्हें बिहार से राज्यसभा भेजने का फैसला किया गया है। इस घोषणा के साथ ही उनका सियासी सफर अब विधानसभा से संसद तक पहुंचने जा रहा है। जल्द ही उनकी आवाज देश की सर्वोच्च सदन में गूंजेगी।
पार्टी की कमान संभालने तक नितिन नबीन बिहार की राजनीति में सक्रिय भूमिका निभा रहे थे। वे पटना की बांकीपुर विधानसभा सीट का प्रतिनिधित्व करते रहे हैं। वे नितीश कुमार सरकार में मंत्री पद संभाल चुके हैं। भाजपा का कार्यकारी अध्यक्ष चुने जाने के एक दिन बाद ही उन्होंने मंत्री पद से इस्तीफा दे दिया था। इसे पार्टी संगठन में उनकी बढ़ती भूमिका और राष्ट्रीय राजनीति में सक्रियता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

भाजपा के भीतर उन्हें तेजी से उभरते चेहरे के रूप में देखा जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, जेपी नड्डा और राजनाथ सिंह जैसे दिग्गज नेताओं के बीच नितिन नबीन अपनी अलग पहचान बनाने में सफल होते दिख रहे हैं। बिहार से उनके अलावा शिवेश कुमार को भी राज्यसभा के लिए उम्मीदवार बनाया गया है। सीटों के गणित को देखते हुए दोनों का चुना जाना लगभग तय माना जा रहा है।
पार्टी ने अन्य राज्यों के लिए भी उम्मीदवार घोषित किए हैं। पश्चिम बंगाल से राजीव सिन्हा, असम से तेराश गोवाला और जोगेन मोहन, छत्तीसगढ़ से लक्ष्मी वर्मा, हरियाणा से संजय भाटिया तथा ओडिशा से मनमोहन सामल और सुजीत कुमार को मैदान में उतारा गया है।

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह फैसला भाजपा के संगठनात्मक संतुलन और आगामी चुनावी रणनीति के लिहाज से अहम है। नितिन नबीन की राज्यसभा में एंट्री को पार्टी की नई पीढ़ी को राष्ट्रीय मंच पर आगे बढ़ाने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।






