लखनऊ, 2 फरवरी 2026:
यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने सोमवार सुबह लखनऊ में कालिदास मार्ग स्थित अपने सरकारी आवास पर आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में प्रदेशभर से आए फरियादियों की समस्याएं सुनीं। सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग विभिन्न जिलों से अपनी उम्मीदें लेकर मुख्यमंत्री से मिलने पहुंचे। जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री ने एक-एक शिकायत को गंभीरता से सुना और संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसमस्याओं का निस्तारण प्राथमिकता के आधार पर और तय समय-सीमा में किया जाए।
सीएम ने दो टूक कहा कि जनता की शिकायतों में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को चेताया कि मामलों में अनावश्यक देरी या उदासीनता सामने आने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। जनता दर्शन में भूमि विवाद, राजस्व, पुलिस, आवास, चिकित्सा और सामाजिक कल्याण से जुड़ी शिकायतें सामने आईं। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों से कहा कि सभी मामलों की निष्पक्ष जांच कर पीड़ितों को शीघ्र राहत पहुंचाई जाए।

कार्यक्रम के दौरान आर्थिक तंगी के कारण गंभीर बीमारियों का इलाज न करा पाने वाले लोगों को मुख्यमंत्री ने बड़ी राहत दी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि इलाज से संबंधित इस्टीमेट की प्रक्रिया तत्काल पूरी कर शासन को भेजी जाए। मुख्यमंत्री ने पीड़ितों को आश्वस्त किया कि इलाज के लिए धन की कमी कभी बाधा नहीं बनेगी और स्वीकृत राशि सीधे अस्पताल के खाते में भेजी जाएगी जिससे मरीजों को किसी तरह की परेशानी न हो।
पारिवारिक और राजस्व विवादों पर मुख्यमंत्री ने विशेष संवेदनशीलता दिखाते हुए अधिकारियों को पारदर्शिता के साथ संवाद कर समाधान निकालने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ताओं से मानवीय दृष्टिकोण अपनाया जाए और उन्हें उनकी शिकायत की प्रगति की जानकारी नियमित रूप से दी जाए। सीएम योगी ने दोहराया कि जनता दर्शन सरकार और आम नागरिकों के बीच सीधा संवाद का सशक्त माध्यम है। इसे प्रभावी और परिणामकारी बनाना सभी अधिकारियों की जिम्मेदारी है।
जनता दर्शन के दौरान योगी का मानवीय पक्ष भी देखने को मिला। परिजनों के साथ आए नन्हे बच्चों से उन्होंने आत्मीयता से बातचीत की। उनके नाम पूछे और उन्हें दुलार किया। बच्चों को चॉकलेट बांटते हुए मुख्यमंत्री ने उन्हें उज्ज्वल भविष्य का आशीर्वाद दिया। इससे माहौल भावनात्मक और सकारात्मक हो गया।






