लखनऊ, 6 जनवरी 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ स्थित देश की प्रतिष्ठित किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के रेजीडेंट डॉक्टर रमीज मलिक पर लगे यौन शोषण और धर्मांतरण के आरोपों ने अब और गंभीर मोड़ ले लिया है। पुलिस जांच में खुलासा हुआ है कि रमीज ने कथित तौर पर अपनी पहली पत्नी का भी धर्मांतरण कराकर निकाह किया था। इस मामले में रमीज के माता-पिता, निकाह कराने वाले काजी और एक गवाह की भूमिका सामने आने के बाद पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है।
चौक पुलिस ने डॉ. रमीज के पिता सलीमुद्दीन और मां खदीजा को ठाकुरगंज स्थित मुमताज कोर्ट अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 303 से गिरफ्तार कर लिया। पुलिस के मुताबिक सलीमुद्दीन मूल रूप से पीलीभीत के न्योरिया क्षेत्र के निवासी और पेशे से मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव (एमआर) हैं। वहीं मां खदीजा भी मामले में आरोपी बनाई गई हैं। निकाह कराने वाले काजी सैयद जाहिद हसन और गवाह शारिक खान को भी केस में नामजद किया गया है इनकी तलाश के लिए पुलिस टीमें दबिश दे रही हैं।

डीसीपी पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव के मुताबिक केजीएमयू में एमडी की पढ़ाई करने वाली पीड़ित रेजिडेंट डॉक्टर ने अपनी एफआईआर में जिक्र किया था कि फरवरी 2025 में रमीज ने एक महिला डॉक्टर का धर्मांतरण कराकर उससे शादी की थी। इस जानकारी के आधार पर पुलिस ने उस महिला से संपर्क किया और बेहद गोपनीय तरीके से मजिस्ट्रेट के सामने उसका बयान दर्ज कराया। बयान में महिला ने पुष्टि की कि उसका धर्म परिवर्तन कराकर पीलीभीत ले जाया गया था और वहां निकाह कराया गया। thehohalla news
पुलिस सूत्रों के अनुसार रमीज की कथित पहली पत्नी भी पेशे से डॉक्टर है। दोनों की मुलाकात आगरा में पढ़ाई के दौरान हुई थी। वह युवती मूल रूप से नोएडा की रहने वाली बताई जा रही है। आरोप है कि रमीज ने उसे प्रेमजाल में फंसाकर धर्म परिवर्तन कराया और फिर निकाह किया।

इस बीच मुख्य आरोपी डॉ. रमीज मलिक अब भी फरार है। उसकी गिरफ्तारी के लिए घोषित इनाम को बढ़ाकर 50 हजार रुपये कर दिया गया है। डीसीपी ने बताया कि आरोपी की संपत्ति कुर्क करने के लिए कोर्ट में जल्द अर्जी दाखिल की जाएगी। साथ ही केस में साजिश, मारपीट और धमकी देने जैसी धाराओं की भी बढ़ोतरी की गई है।
मालूम हो कि केजीएमयू की एक महिला रेजीडेंट डॉक्टर ने हाल ही में रमीज पर शादी का झांसा देकर यौन शोषण करने, गर्भपात कराने और बाद में धर्मांतरण का दबाव डालने का आरोप लगाया था। मानसिक प्रताड़ना से परेशान होकर पीड़िता ने 17 दिसंबर को आत्महत्या का प्रयास भी किया था। फिलहाल पुलिस सभी पहलुओं पर जांच कर रही है और फरार आरोपी की तलाश जारी है।






