लखनऊ, 25 जनवरी 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ के गोमतीनगर के विभूतिखंड इलाके में स्थित समिट बिल्डिंग व उसके आसपास आपराधिक घटनाओं पर लगाम नहीं लग पा रही है। पुलिस चौकी से महज कुछ कदम की दूरी पर हुई एक सनसनीखेज वारदात ने सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। समिट बिल्डिंग परिसर में आधी रात को एक कारोबारी को दबंगों ने थार गाड़ी से कुचल दिया और काफी देर तक उसके दोनों पैरों पर पहिया चढ़ाए रखा। गंभीर रूप से घायल कारोबारी का अस्पताल में इलाज चल रहा है।
जानकारी के मुताबिक सरोजनीनगर के न्यू गुडोरा निवासी मोरंग कारोबारी पवन पटेल रात में अपने दोस्त प्रशांत सचान और अन्य साथियों के साथ विभूतिखंड स्थित एक क्लब में पार्टी करने पहुंचे थे। आधी रात के करीब सभी लोग क्लब से बाहर निकलकर पार्किंग की ओर बढ़े। इसी दौरान वहां खड़ी एक थार और दूसरी कार में सवार युवकों के बीच कहासुनी और झगड़ा हो रहा था।
यह देख पवन पटेल ने झगड़ा शांत कराने की कोशिश की लेकिन यह बात आरोपियों को नागवार गुजरी। आरोपियों ने पवन और उनके दोस्तों के साथ गाली-गलौज शुरू कर दी और मारपीट पर उतारू हो गए। आरोप है कि इस दौरान पवन के दोस्त प्रशांत की चेन लूटने का भी प्रयास किया गया। विरोध करने पर आरोपियों ने थार से पवन को टक्कर मार दी और मौके से भागने लगे।
जब प्रशांत ने सुरक्षा गार्ड से गेट बंद करने को कहा तो आरोपी और उग्र हो गए। उन्होंने थार को तेजी से बैक किया और पवन को कुचलते हुए उसके दोनों पैरों पर गाड़ी चढ़ा दी। पीड़ित के अनुसार आरोपी करीब 25 मिनट तक थार को उसके पैरों पर चढ़ाए खड़े रहे। पवन दर्द से चीखता-चिल्लाता रहा जबकि उसे बचाने की कोशिश कर रहे प्रशांत को आरोपियों ने बेल्ट से पीटा।
घटना की चीख-पुकार सुनकर पास स्थित पुलिस चौकी से पुलिसकर्मी मौके पर पहुंचे। तब तक पवन बेहोश हो चुके थे। पुलिस ने स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें थार के पहिए के नीचे से बाहर निकाला और तत्काल अस्पताल भेजा।
पुलिस ने मौके से उत्तराखंड के रुद्रपुर निवासी आकाश यादव और मोहित मेवाड़ी को गिरफ्तार कर लिया है। विभूतिखंड पुलिस के मुताबिक पीड़ित की तहरीर पर केस दर्ज कर लिया गया है। घटना में इस्तेमाल थार को कब्जे में ले लिया गया है। फरार अन्य आरोपियों को पुलिस तलाश रही है।






