लखनऊ, 19 मार्च 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ में ‘नव निर्माण के 9 वर्ष’ पुस्तक के विमोचन अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने किसानों को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए कृषि क्षेत्र में हुए बदलावों के आंकड़े पेश किए। उन्होंने कहा कि सरकार का पहला निर्णय ही किसानों के हित में लिया गया था। ऋण माफी से लेकर पीएम किसान सम्मान निधि तक की योजनाओं ने किसानों की स्थिति मजबूत की है।
मुख्यमंत्री के अनुसार प्रदेश की कृषि विकास दर 8.5 प्रतिशत से बढ़कर 18 प्रतिशत तक पहुंच गई है। इससे देश में यूपी सबसे तेज गति से कृषि क्षेत्र में आगे बढ़ने वाला राज्य बन गया है। उन्होंने दावा किया कि अब प्रदेश में किसान आत्महत्या की घटनाएं नहीं होती हैं।
गन्ना किसानों का उल्लेख करते हुए सीएम योगी ने बताया कि वर्ष 2012 से 2017 के बीच 95,000 करोड़ रुपये का भुगतान हुआ था। वर्ष 2017 से अब तक 9 वर्षों में 3,16,800 करोड़ रुपये का रिकॉर्ड भुगतान किया गया है। गन्ने का दाम 300 रुपये प्रति कुंतल से बढ़ाकर 400 रुपये प्रति कुंतल किया गया और पर्ची व घटतौली जैसी समस्याओं का समाधान किया गया है।
सरकार की ओर से धान, गेहूं, सरसों, तिलहन, दलहन, मिलेट्स, बाजरा और मक्का की न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर खरीद सुनिश्चित की जा रही है। मंडी शुल्क को घटाकर एक प्रतिशत कर दिया गया है। यह पहले 2.5 से 3 प्रतिशत था।
सीएम योगी ने बताया कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत प्रदेश के किसानों को अब तक 99 हजार करोड़ रुपये सीधे खातों में भेजे गए हैं। साथ ही 56 लाख हेक्टेयर अतिरिक्त सिंचाई सुविधा विकसित की गई है। सरकार प्राइवेट ट्यूबवेल पर मुफ्त बिजली और डीजल आधारित 23 लाख ट्यूबवेल को सोलर ऊर्जा से जोड़ने की दिशा में भी काम कर रही है। उन्होंने कहा कि सरकार अन्नदाता को समृद्ध बनाने के लिए लगातार प्रयासरत रहेगी।






