उधमसिंहनगर, 12 जनवरी 2026:
उत्तराखंड के उधमसिंहनगर जिले में किसान सुखवंत सिंह आत्महत्या प्रकरण ने प्रशासन और पुलिस महकमे में हड़कंप मचा दिया है। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों ने थाना आईटीआई के थानाध्यक्ष कुंदन रौतेला समेत पूरी चौकी को निलंबित कर दिया। थानाध्यक्ष के अलावा दो उपनिरीक्षकों को भी तत्काल प्रभाव से निलंबित किया गया, जबकि अन्य पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया गया।
बताया जा रहा है कि सुखवंत सिंह की मौत के बाद पुलिस की भूमिका पर लगातार सवाल उठ रहे थे। परिजनों और स्थानीय लोगों ने आरोप लगाए कि मामले में समय रहते उचित कार्रवाई नहीं की गई और पीड़ित को न्याय नहीं मिल सका। उच्चाधिकारियों ने पूरे मामले की समीक्षा की और प्राथमिक जांच में लापरवाही पाए जाने पर यह सख्त कदम उठाया गया।

उधमसिंहनगर जिले के पैगा निवासी 40 वर्षीय किसान सुखवंत सिंह ने गौलापार (हल्द्वानी) स्थित एक होटल के कमरे में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली। यह दुखद घटना रविवार की देर रात हुई, जब वह अपनी पत्नी और लगभग 14 वर्षीय बेटे के साथ होटल में ठहरे हुए थे। आत्महत्या से कुछ समय पहले सुखवंत सिंह ने फेसबुक पर एक लाइव वीडियो जारी किया, जिसमें उन्होंने पुलिस और कुछ अन्य लोगों पर गंभीर आरोप लगाए। वीडियो में उन्होंने बताया कि पुलिस द्वारा उन्हें लगातार मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा था और उन पर अनावश्यक दबाव डाला जा रहा था, जिससे उनका तनाव लगातार बढ़ता गया। यह लाइव वीडियो सार्वजनिक होने के बाद मामला और भी संवेदनशील और चर्चा का केंद्र बन गया।

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि मामले की निष्पक्ष जांच जारी है और दोषी पाए जाने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में साफ संदेश गया है कि लापरवाही और संवेदनहीनता को किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। प्रशासन ने परिजनों को भरोसा दिलाया है कि मामले में निष्पक्ष जांच होगी और उन्हें न्याय मिलेगा।






