Ayodhya

Ayodhya : चढ़ावा प्रकरण में कूदे अमिताभ ठाकुर, ट्रस्ट को लिखा पत्र, साफ हिसाब व भरोसे को दिए ये सुझाव

आजाद अधिकार सेना के अध्यक्ष हैं अमिताभ ठाकुर, ट्रस्ट को भेजे पत्र में 5 फरवरी 2020 से राम मंदिर के 5 साल के दान का एकमुश्त Audit कराने की मांग की, ट्रस्ट से दानदाताओं का भरोसा मजबूत करने के लिए Donor Assurance Certificate जारी करने को कहा

अनिल निषाद

अयोध्या, 13 जुलाई 2026:

आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष व
जबरिया रिटायर्ड IPS अफसर (जैसा कि वह स्वयं कहते हैं) अमिताभ ठाकुर राममंदिर चढ़ावा प्रकरण में सक्रिय हो गए हैं। उन्होंने संगठन की ओर से राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट को पत्र भेजकर 5 फरवरी 2020 से अब तक मंदिर में मिले पूरे दान का स्वतंत्र मिलान कराने की मांग उठाई है। पत्र में कहा गया है कि हाल में सामने आए कथित दान अनियमितता प्रकरण के बाद श्रद्धालुओं का भरोसा बनाए रखने के लिए ट्रस्ट को पूरी वित्तीय तस्वीर सार्वजनिक करनी चाहिए।

पांच साल के पूरे दान का मिलान कराने की मांग

आजाद अधिकार सेना की ओर से ट्रस्ट के अध्यक्ष और महासचिव को भेजे गए पत्र में कहा गया है कि हाल के घटनाक्रम ने एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। अगर दान प्रबंधन व्यवस्था में ऐसी कमियां थीं जिनका कथित तौर पर दुरुपयोग हो सका, तो यह कैसे तय माना जाए कि सामने आया मामला पहला, आखिरी और अकेला मामला है। संस्था का कहना है कि इस सवाल का जवाब सिर्फ स्वतंत्र जांच और रिकॉर्ड के मिलान से ही मिल सकता है।

पुराने पत्रों का भी दिलाया याद

पत्र में बताया गया है कि संगठन पहले भी 26 फरवरी 2024 और 7 जून 2025 को ट्रस्ट को पत्र भेज चुकी है। उन पत्रों में वित्तीय पारदर्शिता बढ़ाने और जरूरी वित्तीय रिकॉर्ड सार्वजनिक करने का अनुरोध किया गया था। अब हालिया घटनाक्रम के बाद संस्था का कहना है कि यह मांग पहले से ज्यादा जरूरी हो गई है।
ayodhya-amitabh-thakur-demands-audit-ram-mandir-donation-trust (2)

नकद से लेकर सोना-चांदी तक सबका हिसाब मांगा

पत्र में मांग की गई है कि ट्रस्ट की स्थापना 5 फरवरी 2020 से लेकर वर्तमान प्रकरण सामने आने तक मिले सभी नकद दान के साथ सोना, चांदी, आभूषण और दूसरे बहुमूल्य दान का किसी स्वतंत्र और सक्षम पेशेवर संस्था से एकमुश्त पूर्वव्यापी मिलान कराया जाए। इस प्रक्रिया में दान प्राप्ति रिकॉर्ड, गणना पत्रक, बैंक में जमा राशि के रिकॉर्ड, लेखा पुस्तकों, बहुमूल्य वस्तुओं के रजिस्टर और दूसरे संबंधित दस्तावेजों का आपस में मिलान किया जाए। इससे यह साफ हो सकेगा कि पूरे दान का रिकॉर्ड उपलब्ध है या फिर मौजूदा जांच वाले मामलों के अलावा भी कहीं कोई ऐसा वित्तीय अंतर है जिसका स्पष्ट हिसाब नहीं मिल रहा।

15 दिन में दाता प्रमाणपत्र जारी करने का अनुरोध

आजाद अधिकार सेना ने ट्रस्ट से अनुरोध किया है कि यह स्वतंत्र मिलान 15 दिनों के भीतर कराया जाए। जांच के बाद सामने आए तथ्यों के आधार पर श्रद्धालुओं और दानदाताओं का विश्वास मजबूत करने के लिए एक संक्षिप्त Donor Assurance Certificate भी सार्वजनिक किया जाए। पत्र में कहा गया है कि ऐसा प्रमाणपत्र जारी होने से यह स्पष्ट संदेश जाएगा कि ट्रस्ट के पास उपलब्ध रिकॉर्ड का स्वतंत्र स्तर पर मिलान किया गया है और दान से जुड़े मामलों में पारदर्शिता बनाए रखने की कोशिश की गई है।
ayodhya-amitabh-thakur-demands-audit-ram-mandir-donation-trust (3)

दानदाताओं के भरोसे का दिया हवाला

संस्था का कहना है कि राम मंदिर देश-विदेश के करोड़ों श्रद्धालुओं की आस्था का केंद्र है। ऐसे में दान से जुड़े किसी भी विवाद के बाद सिर्फ चल रही जांच पर निर्भर रहने के बजाय पूरे रिकॉर्ड का स्वतंत्र मिलान कराया जाना ज्यादा जरूरी है। संस्था ने ट्रस्ट से अपील की है कि वह इस पहल को श्रद्धालुओं के विश्वास की रक्षा और वित्तीय पारदर्शिता मजबूत करने के कदम के तौर पर देखे।

READ MORE

Anand Sharma

आनंद शर्मा पिछले 30 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने 'राष्ट्रीय सहारा' और 'हिंदुस्तान' जैसे प्रतिष्ठित दैनिक समाचार पत्रों में फील्ड रिपोर्टिंग और संपादन का लंबा अनुभव प्राप्त किया है। प्रिंट मीडिया के बाद, पिछले 5 वर्षों से वे डिजिटल न्यूज़ पोर्टल के माध्यम से मानवीय पहलुओं और सांस्कृतिक गतिविधियों से जुड़ी खबरों को प्रमुखता से कवर कर रहे हैं। पत्रकारिता... और पढ़ें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button