एनटीपीसी में बड़ा हादसा टला : 12 टन वजनी कोयले का बंकर गिरा, मजदूरों में मचा हड़कंप
ऊंचाहार में परियोजना की पांचवीं यूनिट में हुआ हादसा, शिफ्ट बदलने से नहीं हुई कोई जनहानि, तेज आवाज के साथ राख का गुबार उठा, वार्षिक अनुरक्षण की गुणवत्ता पर उठे सवाल

विजय पटेल
रायबरेली, 20 अक्टूबर 2026ः
यूपी के रायबरेली के ऊंचाहार स्थित एनटीपीसी परियोजना की पांचवीं यूनिट में कोयले से भरा करीब 12 टन वजनी बंकर टूटकर नीचे गिर गया। हाल के समय वहां मजदूरों की शिफ्ट बदल चुकी थी, जिससे बड़ा हादसा टल गया। बंकर गिरने से तेज आवाज हुई और राख का गुबार उठने से आसपास की यूनिटों में काम कर रहे श्रमिकों में हड़कंप मच गया। घटना के बाद परियोजना के अधिकारी मौके पर पहुंचे और मरम्मत का काम शुरू कराया।
बॉयलर ट्यूब में रिसाव के कारण किया गया था बंद
जानकारी के अनुसार परियोजना की पांचवीं यूनिट 210 मेगावाट बिजली उत्पादन क्षमता वाली है। शुक्रवार रात बॉयलर ट्यूब में रिसाव के कारण इसे बंद किया गया था। मरम्मत के बाद रविवार शाम यूनिट को दोबारा चालू किया गया। रात करीब 11 बजे कोयला भरने की व्यवस्था में लगा बंकर अचानक टूटकर नीचे गिर गया। कोयले सहित बंकर का कुल वजन लगभग 12 टन बताया जा रहा है। घटना के बाद मरम्मत कार्य शुरू किया गया, लेकिन जानकारी के मुताबिक काम तत्काल पूरा नहीं हो पाया।
37 दिन के अनुरक्षण के बाद भी खराबी
परियोजना की पांचवीं यूनिट को वार्षिक अनुरक्षण के लिए 24 अगस्त को बंद किया गया था। करीब 37 दिनों तक इसके कल-पुर्जों की जांच और रखरखाव किया गया। इसके बाद दो अक्टूबर को यूनिट चालू की गई। हालांकि, इसके बाद बॉयलर ट्यूब में दो बार रिसाव होने की बात सामने आई है। बंकर गिरने की घटना ने अनुरक्षण कार्य की गुणवत्ता और तकनीकी जांच को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि लापरवाही या भ्रष्टाचार के आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। परियोजना सूत्रों ने अनुरक्षण कार्य में खराब पुर्जों के इस्तेमाल और भुगतान में अनियमितताओं के आरोप लगाए हैं। इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि होना बाकी है। घटना के बाद सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाए जाने और बाहरी लोगों की आवाजाही सीमित किए जाने की भी जानकारी मिली है।
प्रबंधन ने बताई यांत्रिक खराबी
एनटीपीसी की जनसंपर्क अधिकारी प्रिया कुमारी ने बताया कि यूनिट नंबर पांच के बंकर के एक फीडर में यांत्रिक खराबी आई थी, जिसे तत्काल नियंत्रित किया गया। तकनीकी विशेषज्ञों की टीम मरम्मत में जुटी है। उन्होंने कहा कि बिजली की मांग और आपूर्ति के अनुरूप उत्पादन किया जा रहा है। फिलहाल अभियंताओं की टीम घटना की जांच कर रही है। जांच के बाद ही बंकर गिरने के वास्तविक कारणों और अनुरक्षण कार्य में किसी कमी की स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।






