हरदोई, 9 फरवरी 2026:
पाली थाना क्षेत्र में साइबर ठगों ने विदेश से मोटी रकम भेजने का झांसा देकर एक ग्रामीण से दो लाख 53 हजार से अधिक रुपये ठग लिए। चूक ये हुई कि 12 लाख पेमेंट मिलने का स्क्रीन शॉट देखने के बाद ग्रामीण ने खाता चेक नहीं किया और जाल में उलझता गया। होश तब आया जब एक के बाद एक डिमांड बढ़ती गई। अब पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
इटली से अशोक मल्होत्रा बताकर किया फोन
पाली थाना क्षेत्र के निजामपुर गांव निवासी नवल सिंह के मोबाइल पर एक कॉल आई। कॉल करने वाले ने खुद को इटली से अशोक मल्होत्रा बताया और कहा कि उसने उनके खाते में 12 लाख रुपये भेज दिए हैं। भरोसा दिलाने के लिए एक स्क्रीनशॉट भी भेजा गया। कुछ देर बाद दूसरे नंबर से कॉल कर खुद को मुंबई से बोलना बताया गया और कहा गया कि इटली से आई रकम ट्रांसफर करने के लिए कुछ चार्ज देना होगा।
क्यूआर कोड भेजकर अलग-अलग रकम वसूली
पीड़ित के मुताबिक, ठगों ने पहले ट्रांजेक्शन चार्ज के नाम पर चार हजार रुपये क्यूआर कोड के जरिए जमा कराए। इसके बाद अलग-अलग बहानों से 13 हजार, 24 हजार 60 रुपये, 9 हजार, 10 हजार, 30 हजार और 17 हजार रुपये भी जमा करा लिए गए। इस तरह पहले ही एक लाख सात हजार से ज्यादा रुपये निकलवा लिए गए।
इनकम टैक्स अफसर बताकर लिए 86 हजार
अगले दिन एक अन्य नंबर से कॉल आई, जिसमें कॉल करने वाले ने खुद को इनकम टैक्स अधिकारी विक्रम बताया। उसने कहा कि 12 लाख रुपये पर टैक्स के रूप में 86 हजार 400 रुपये जमा करने होंगे। पीड़ित ने भरोसे में आकर यह रकम भी क्यूआर कोड के जरिए भेज दी।
इसके बाद ठगों ने यह कहकर फिर भरोसे में लिया कि सरकार की ओर से पांच लाख रुपये का बोनस मिला है और अब कुल 17 लाख रुपये मिलेंगे। ठगों ने पिन कोड के नाम पर 40 हजार रुपये और फिर 20 हजार रुपये और जमा करा लिए। इस तरह पीड़ित से कुल दो लाख 53 हजार 460 रुपये ठग लिए गए।
जीएसटी के नाम पर मोटी रकम मांगने पर हुआ ठगी का एहसास
इसके बाद ठगों ने जीएसटी के नाम पर करीब दो लाख 96 हजार रुपये और मांगने शुरू कर दिए। तब जाकर पीड़ित को ठगी का एहसास हुआ और उसने पुलिस की शरण ली। पीड़ित की शिकायत पर पाली थाना पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) और आईटी एक्ट की धारा 66डी के तहत साइबर ठगी का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और कॉल डिटेल व बैंक ट्रांजेक्शन के आधार पर आरोपियों तक पहुंचने की कोशिश की जा रही है।






