राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 23 फरवरी 2026:
राजधानी में सिल्वर सिटी मॉल के पास दस दिन पूर्व हुई सनसनीखेज हत्या का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। झारखंड के कुख्यात गैंगस्टर विक्रम शर्मा की गोली मारकर हत्या की साजिश लंबे समय से रची जा रही थी। उत्तराखंड एसटीएफ और देहरादून पुलिस की संयुक्त टीम ने मामले में दो आरोपियों को अलग अलग राज्यों से गिरफ्तार किया है, जबकि मुख्य शूटर समेत छह आरोपी अभी फरार हैं। सभी फरार आरोपियों पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।
एसएसपी कार्यालय में मीडिया से मुखातिब पुलिस अधिकारियों ने बताया कि विक्रम शर्मा मूल रूप से झारखंड का रहने वाला था और देहरादून में प्रॉपर्टी व स्टोन क्रशर का कारोबार करता था, को 13 फरवरी को जिम से बाहर निकलते समय बाइक सवार हमलावरों ने गोली मार दी थी। गोली लगते ही उसकी मौके पर मौत हो गई। विक्रम के खिलाफ हत्या और रंगदारी समेत 50 से ज्यादा आपराधिक मामले दर्ज थे।

जांच में सामने आया कि हत्या की साजिश छह माह पहले तैयार की गई थी। मुख्य साजिशकर्ता आशुतोष सिंह और उसका साथी विशाल सिंह, जेल में हुई पुरानी रंजिश के चलते विक्रम से बदला लेना चाहते थे। अपराध की दुनिया में दबदबा बनाने की चाह और कारोबारी यशराज से जुड़े रंगदारी विवाद ने भी इस वारदात को हवा दी। पहले जमशेदपुर और नोएडा में हत्या की योजना बनी, लेकिन मौका न मिलने पर देहरादून को टारगेट बनाया गया।
पुलिस के मुताबिक अंकित वर्मा ने विक्रम के जिम में शामिल होकर उसकी रोजमर्रा की गतिविधियों की जानकारी जुटाई। घटना वाले दिन उसी ने फोन पर लोकेशन दी, जिसके बाद आशुतोष और विशाल ने गोली चलाई। वारदात के बाद आरोपियों ने हरिद्वार से किराये की स्कूटी और बाइक का इस्तेमाल किया और बाद में यशराज की स्कॉर्पियो से फरार हो गए।
पुलिस ने अक्षत ठाकुर उर्फ मोहित और राजकुमार को गिरफ्तार किया है। वहीं आशुतोष सिंह, विशाल सिंह, अंकित वर्मा, आकाश कुमार प्रसाद, यशराज और जितेंद्र कुमार साहू फरार चल रहे हैं। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज, मोबाइल लोकेशन, यूपीआई ट्रांजेक्शन और पूछताछ के आधार पर पूरे मामले की कड़ियां जोड़ीं।






