हरदोई, 24 फरवरी 2026:
ज्योतिष पीठ के स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और उनके शिष्यों पर लगे बाल यौन शोषण के आरोपों की जांच अब तेज हो गई है। प्रयागराज पुलिस मामले में अहम कड़ियां जोड़ने के लिए हरदोई पहुंची। बताया गया कि टीम ने यहां रहने वाले पीड़ित बटुकों के बयान दर्ज किए। वहीं उनके गांव जाकर परिजनों से भी मुलाकात कर जरूरी डिटेल एकत्र की।
बता दें कि प्रयागराज के झूंसी थाने में पॉक्सो एक्ट की धाराओं के तहत स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती, स्वामी मुकुंदानंद ब्रह्मचारी और कुछ अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई पॉक्सो कोर्ट के आदेश के बाद की गई। उसी के आधार पर पुलिस अब साक्ष्य जुटाने और पीड़ितों के बयान लेने में जुटी है।
चूंकि दोनों पीड़ित बटुक हरदोई जिले के निवासी इसी वजह से जांच का दायरा प्रयागराज से निकलकर यहां तक पहुंच गया है। पुलिस टीम के आने की सूचना स्थानीय स्तर पर ज्यादा लोगों को नहीं दी गई थी और कार्रवाई गोपनीय तरीके से की गई। गुरुकुल का छात्र एक बटुक हरपालपुर थाना क्षेत्र का निवासी है। वो पिहानी में रहने वाले एक शख्स के साथ प्रयागराज गया था। वहां उसका आधार कार्ड जमा कराया गया।
फिलहाल पुलिस टीम आने के बाद इस मामले में बटुक के पिता ने मीडिया से दूरी बना ली। सूत्रों के अनुसार पीड़ित बालक का परिवार खेती-किसानी से जुड़ा है और उनके पास करीब पांच बीघा जमीन है। परिवार में तीन बेटियां और एक बेटा है। इस बीच बालक की परीक्षाएं भी चल रही हैं, जिसे देखते हुए पुलिस सुरक्षा और गोपनीयता पर खास ध्यान दे रही है।
मामले के वादी आशुतोष ब्रह्मचारी भी रविवार रात गुपचुप तरीके से हरदोई पहुंचे थे। सूत्रों के मुताबिक वह काली स्कॉर्पियो से चार लोगों के साथ आए। उनके ठहरने के लिए शहर के तीन होटलों में कमरे बुक कराए गए थे। बताया गया कि आशुतोष ब्रह्मचारी एचके लान होटल में ठहरे, जबकि उनके साथी सिद्धार्थ होटल में रुके। दिन के समय उन्हें एक नाबालिग बालक और एक युवक के साथ देखा गया। सोमवार सुबह करीब साढ़े ग्यारह बजे वह अपने होटल से सिद्धार्थ होटल पहुंचे और लगभग एक घंटे बाद वापस लौटे। स्थानीय पुलिस अफसरों के अनुसार प्रयागराज पुलिस जांच कर रही है और सभी जरूरी बयान दर्ज किए जा रहे हैं। साथ ही वादी और उनके साथ आए लोगों की गतिविधियों पर भी नजर रखी जा रही है।






