लखनऊ, 8 अप्रैल 2026:
यूपी के पशुधन एवं दुग्ध विकास मंत्री धर्मपाल सिंह ने राज्य में स्थापित किए जा रहे दुग्ध संयंत्रों को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने राष्ट्रीय डेयरी विकास बोर्ड (एनडीडीबी) को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि गोरखपुर, कन्नौज और कानपुर के डेयरी प्लांट निर्धारित समयसीमा में हर हाल में शुरू किए जाएं।
विधान भवन स्थित अपने कार्यालय कक्ष में आयोजित समीक्षा बैठक के दौरान मंत्री ने कहा कि कन्नौज डेयरी प्लांट का संचालन 30 अप्रैल तक, गोरखपुर का 5 मई तक और कानपुर का 20 मई तक हर स्थिति में प्रारंभ कर दिया जाए। उन्होंने दो टूक कहा कि किसी भी स्तर पर अनावश्यक देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
धर्मपाल सिंह ने अधिकारियों को भरोसा दिलाया कि प्लांट संचालन के लिए अमोनिया गैस सहित सभी जरूरी संसाधनों की प्रदेश में कोई कमी नहीं है। ऐसे में सभी संयंत्रों को पूरी क्षमता के साथ सुचारु रूप से संचालित किया जाना चाहिए। मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार दुग्ध उत्पादन और प्रसंस्करण क्षमता को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास कर रही है।
इन डेयरी प्लांट्स के शुरू होने से न केवल दुग्ध उत्पादकों को बेहतर बाजार मिलेगा, बल्कि ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी नई मजबूती मिलेगी। साथ ही दुग्ध संग्रहण, प्रसंस्करण और विपणन व्यवस्था अधिक प्रभावी बनेगी और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
उन्होंने दुग्ध विकास विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी परियोजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित की जाए। कार्य गुणवत्ता के साथ समयबद्ध तरीके से पूरे किए जाएं। सरकार का लक्ष्य आधुनिक तकनीक और बेहतर प्रबंधन के जरिए उत्तर प्रदेश को दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में और अधिक सशक्त बनाना है।
बैठक में अपर मुख्य सचिव पशुधन एवं दुग्ध विकास मुकेश मेश्राम, दुग्ध आयुक्त के धनलक्ष्मी, डॉ. राम सागर, पीसीडीएफ के समन्वय राम चरण, संजय भारती समेत एनडीडीबी और दुग्ध विकास विभाग के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।






