राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 14 मई 2026:
पूर्व सैनिकों के आश्रितों को रोजगार से जोड़ने की पहल के तहत गुरुवार को देहरादून में आयोजित रोजगार मेले में कई युवाओं को नौकरी मिली। सैनिक कल्याण विभाग और आईटीडीए के संयुक्त आयोजन में चयनित अभ्यर्थियों को सैनिक कल्याण मंत्री गणेश जोशी ने नियुक्ति पत्र वितरित किए।
सर्वे चौक स्थित आईआरडीटी ऑडिटोरियम में आयोजित इस रोजगार मेले में 21 निजी कंपनियों ने हिस्सा लिया। कम्प्यूटर और तकनीकी प्रशिक्षण प्राप्त कर चुके पूर्व सैनिकों के आश्रितों का साक्षात्कार लिया गया, जिसके बाद कई अभ्यर्थियों का चयन किया गया।
कार्यक्रम में गणेश जोशी ने कहा कि रोजगार मेला सिर्फ नौकरी दिलाने का मंच नहीं है, बल्कि युवाओं को अपने पैरों पर खड़ा करने की एक ठोस कोशिश है। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की पहचान वीरभूमि के रूप में है और यहां का लगभग हर परिवार किसी न किसी रूप में देशसेवा की परंपरा से जुड़ा रहा है। उन्होंने कहा कि पूर्व सैनिकों और वीर नारियों ने देश की सुरक्षा में अहम भूमिका निभाई है। सरकार उनके परिवारों के कल्याण और युवाओं के भविष्य को बेहतर बनाने के लिए लगातार काम कर रही है।
मंत्री ने बताया कि पिछले दो वर्षों में सैनिक कल्याण विभाग और आईटीडीए के संयुक्त प्रयास से 628 पूर्व सैनिक आश्रितों को कम्प्यूटर और तकनीकी प्रशिक्षण दिया गया है। फिलहाल 227 युवक-युवतियां प्रशिक्षण ले रहे हैं। इससे पहले जनवरी 2024 में आयोजित रोजगार मेले में 22 युवाओं को रोजगार मिला था।
उन्होंने कहा कि नरेंद्र मोदी के स्किल इंडिया और आत्मनिर्भर भारत अभियान के साथ-साथ पुष्कर सिंह धामी के युवा सशक्त उत्तराखंड के विजन को आगे बढ़ाने में ऐसे रोजगार मेले अहम भूमिका निभा रहे हैं। कार्यक्रम में सैनिक कल्याण विभाग और आईटीडीए के अधिकारी भी मौजूद रहे।






