लखनऊ, 19 मार्च 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ में प्रतिबंध के बावजूद खतरनाक मांझे का कहर थमने का नाम नहीं ले रहा है। बुधवार शाम पुरनिया फ्लाईओवर पर हुए एक दर्दनाक हादसे ने एक बार फिर प्रशासनिक दावों की पोल खोल दी। मांझे की चपेट में आने से बाइक सवार नवमीलाल उर्फ रामनयन गंभीर रूप से घायल हो गए। इस दौरान बाइक गिरने से उनकी पत्नी और बेटी भी जख्मी हो गईं।
मड़ियांव के केशवनगर निवासी रामनयन अपनी पत्नी और बेटी के साथ शाम को बाइक से घर लौट रहे थे। जैसे ही वे पुरनिया फ्लाईओवर पर पहुंचे अचानक एक धारदार मांझा उनकी गर्दन में उलझ गया। तेज खिंचाव से उनके गले और चेहरे पर गहरे कट लग गए और खून बहने लगा। इसी दौरान बाइक अनियंत्रित होकर खंभे से टकराकर पलट गई।

हादसे में उनकी पत्नी का पैर टूट गया जबकि बेटी को भी चोटें आईं। मौके पर मौजूद राहगीरों ने मानवता दिखाते हुए तुरंत घायलों की मदद की। रामनयन के गले में गमछा बांधकर खून रोकने की कोशिश की गई और घुटनों के घाव दुपट्टे से बांधे गए। इसके बाद में ई-रिक्शा से तीनों को अस्पताल पहुंचाया गया।
सूचना मिलते ही अलीगंज पुलिस भी मौके पर पहुंची और घायलों को अस्पताल पहुंचाने में मदद की। इंस्पेक्टर अशोक सोनकर के मुताबिक मामले में तहरीर मिलने पर केस दर्ज किया जाएगा। मांझे का इस्तेमाल करने वालों की तलाश की जा रही है।
गौरतलब है कि हाल ही में दुबग्गा निवासी मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव मो. शोएब की भी मांझे की चपेट में आने से मौत हो चुकी है। इसके बाद सीएम योगी ने सख्ती दिखाते हुए कार्रवाई करने के निर्देश दिए। इसके बावजूद प्रशासनिक कार्रवाई के दावे बेअसर साबित हो रहे हैं और खतरनाक मांझे की बिक्री खुलेआम जारी है।






