
आगरा, 9 जून 2025:
यूपी के आगरा जिले में चंबल नदी के किनारे घड़ियालों के संरक्षण का कार्य लगातार परवान चढ़ रहा है। इसी कड़ी में नदी किनारे बालू में बने घोसलों में अंडे देने वाले घड़ियालों के नवजात बच्चे बाहर आकर नदी की तरफ चल पड़े और उसे अपना नया ठिकाना बना लिया। इस सफलता से वन विभाग के अफसर खुश दिखे।
बता दें कि एमपी, राजस्थान और यूपी से होकर बहने वाली चंबल नदी में कई दशक पूर्व घड़ियाल लुप्तप्राय हालत में पहुंच गए थे। विशेषज्ञ लगातार इनके संरक्षण कार्य मे जुटे हुए हैं। इसी कड़ी में मादा घड़ियालों ने आगरा जिले के नंदगवां घाट पर नदी किनारे बालू में सुरक्षित घोसला बनाकर अंडे दिये थे। अंडे देने के बाद हैचिंग शुरू होने पर वन विभाग ने अंडा दिए जाने वाली जगह पर लगाई गई जालियों को हटा दिया था।
घोसलों में हो रही आहट सुनकर मादा घड़ियाल ने बालू कुरेदना शुरू किया। पहले अंडे दिखे फिर धीरे धीरे उसके खोल से नवजात शिशु बाहर आने लगे। प्राकृतिक रूप से इनके नन्हे कदम नदी की धारा की तरफ बढ़ चले। एक एक कर लगभग 190 घड़ियाल के बच्चे चंबल नदी के नए मेहमान बन गए। ये नजारा देखकर वन विभाग के अफसर भी खुश दिखे।






