नई दिल्ली, 24 अप्रैल 2026:
राजनीतिक माहौल में शुक्रवार को बड़ा घटनाक्रम सामने आया जब आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने पार्टी से अलग होने का एलान कर दिया। उन्होंने प्रेस कॉन्फ्रेंस में भाजपा में शामिल होने की बात कही और कई बड़े दावे किए।
राघव चड्ढा ने राज्यसभा सांसद संदीप पाठक और अशोक मित्तल के साथ मीडिया को संबोधित करते हुए दावा किया कि राज्यसभा में आम आदमी पार्टी के दो-तिहाई सांसद संविधान के प्रावधानों के तहत भाजपा में विलय करेंगे।
प्रेस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने पार्टी नेतृत्व पर गंभीर आरोप लगाए। उनका कहना था कि संगठन अब अपने मूल सिद्धांतों और मूल्यों से दूर हो गया है और व्यक्तिगत हितों की राजनीति हावी हो चुकी है। उन्होंने यह भी कहा कि वह लंबे समय से पार्टी गतिविधियों से दूरी बनाए हुए थे क्योंकि वह मौजूदा दिशा से सहमत नहीं थे। उन्होंने खुद को पार्टी का फाउंडिंग सदस्य बताते हुए कहा कि अब हालात पहले जैसे नहीं रहे। इस दौरान कुछ अन्य सांसदों के भाजपा में शामिल होने का भी दावा किया गया, जिससे राजनीतिक हलचल और बढ़ गई।
वहीं आम आदमी पार्टी ने इन आरोपों को सिरे से खारिज कर इसे ऑपरेशन लोटस नाम दिया है। पार्टी की ओर से कहा गया कि यह पूरा मामला राजनीतिक साजिश और गद्दारी का हिस्सा है। AAP का कहना है कि यह भाजपा की ओर से की जा रही तोड़फोड़ की कोशिश है और जनता इसे देख रही है।






