लखनऊ, 31 मार्च 2026:
हजारों फीट की ऊंचाई पर उड़ रहे विमान में अचानक धुआं महसूस होना किसी भी बड़े हादसे का संकेत हो सकता है। यही सोचकर यात्रियों में हड़कंप मच गया लेकिन पायलट की सूझबूझ और एयर ट्रैफिक कंट्रोल (एटीसी) की तत्परता से एक संभावित दुर्घटना बच गई। पश्चिम बंगाल के बागडोगरा से दिल्ली जा रही एयर इंडिया एक्सप्रेस की फ्लाइट (IX-1523) के कॉकपिट में धुआं महसूस होने के बाद लखनऊ के अमौसी एयरपोर्ट पर इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी।
फ्लाइट में 148 यात्री और क्रू मेंबर सवार थे। सोमवार शाम जब विमान बिहार पार कर उत्तर प्रदेश के आकाश में करीब 36 हजार फीट की ऊंचाई पर उड़ रहा था तभी पायलट को कॉकपिट से धुआं निकलने की आशंका हुई। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए तुरंत इमरजेंसी प्रोटोकॉल लागू किया गया। यात्रियों को ऑक्सीजन मास्क उपलब्ध कराए गए और विमान को नजदीकी सुरक्षित एयरपोर्ट की ओर डायवर्ट किया गया।

पायलट ने तुरंत लखनऊ एटीसी से संपर्क कर इमरजेंसी लैंडिंग की अनुमति मांगी। एटीसी ने बिना देर किए अनुमति दे दी और एयरपोर्ट पर आपातकालीन इंतजाम सक्रिय कर दिए गए। रनवे पर फायर ब्रिगेड, मेडिकल टीम और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह अलर्ट रहीं।
कुछ ही देर में विमान को सुरक्षित लैंड करा लिया गया। विमान रुकते ही यात्रियों को सुरक्षित बाहर निकाला गया। इस दौरान यात्रियों और क्रू मेंबर ने राहत की सांस ली। घटना के बाद विमान को लखनऊ एयरपोर्ट पर ही रोक लिया गया, जहां कई घंटे तक उसकी तकनीकी जांच की गई।
एयरलाइन की टेक्निकल और सिक्योरिटी टीमें धुएं के कारणों का पता लगाने में जुटी रहीं। शुरुआती जांच में किसी बड़ी तकनीकी खराबी की पुष्टि नहीं हुई है लेकिन सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए विस्तृत निरीक्षण किया जा रहा है।
यात्रियों की सुविधा के लिए एयरलाइन ने वैकल्पिक व्यवस्था भी की। कई यात्रियों को अन्य फ्लाइट्स से दिल्ली भेजा गया जबकि कुछ को होटल में ठहराया गया। इस घटना ने एक बार फिर हवाई सुरक्षा व्यवस्था और त्वरित प्रतिक्रिया की अहमियत को साबित कर दिया।






