हरदोई, 20 फरवरी 2026:
राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत व अन्य यात्रियों को लेकर मेरठ जा रही वंदे भारत एक्सप्रेस पर हरदोई जिले में पथराव किया गया। पत्थर लगने से ट्रेन के एक कोच की खिड़की का शीशा टूट गया। हालांकि इस घटना में मोहन भागवत पूरी तरह सुरक्षित हैं। बताया गया कि कोच बदलकर मेरठ उतरने पर उन्हें कड़े सुरक्षा घेरे में लिया गया। हरदोई पुलिस ने इसके पीछे बच्चों के खेल या शरारत की वजह बताई है।
लखनऊ में सीएम व दोनों डिप्टी सीएम से मुलाकात के बाद आरएसएस के सरसंघचालक मोहन भागवत को मेरठ में कई कार्यक्रम में हिस्सा लेना था।इसी वजह से वो वाराणसी से मेरठ जाने वाली वंदे भारत एक्सप्रेस पर सवार हुए। ट्रेन दोपहर 1 बजकर 50 मिनट पर लखनऊ से रवाना हुई थी। ट्रेन जब हरदोई के कोतवाली देहात क्षेत्र के कौढ़ा गांव के पास बलोखर फाटक के नजदीक पहुंची, तभी अचानक एक पत्थर खिड़की से आकर टकराया। तेज आवाज के साथ शीशा चटक गया, जिससे डिब्बे में बैठे यात्रियों में अफरा-तफरी मच गई।

उस समय मोहन भागवत ट्रेन के कोच E1 में सवार थे, जबकि जिस कोच की खिड़की टूटी वह C4 बताया जा रहा है। घटना के तुरंत बाद ट्रेन स्टाफ ने कंट्रोल रूम को सूचना दी। जानकारी मिलते ही कोतवाली देहात पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन तब तक ट्रेन आगे निकल चुकी थी। बाद में GRP और RPF ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आसपास के ग्रामीणों से पूछताछ की।
शुरुआती जांच में पुलिस दो संभावनाएं मानकर चल रही है। पहला, रेलवे ट्रैक के किनारे कुछ बच्चे क्रिकेट खेल रहे थे और गेंद ट्रेन से टकरा गई हो। दूसरा, किसी शरारती बच्चे ने जानबूझकर पत्थर फेंका हो। फिलहाल सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय जानकारी के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है। अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया है।
इधर मोहन भागवत बीती रात करीब 9 बजे कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के बीच मेरठ स्टेशन पहुंचे। वहां से उन्हें शताब्दीनगर स्थित माधवकुंज ले जाया गया, जहां उनका ठहराव है। वे यहां शुक्रवार को कई कार्यकर्मों में भाग लेंगे। फिलहाल हरदोई के सीओ सिटी अंकित मिश्रा ने बताया कि घटना की गंभीरता से जांच की जा रही है और जल्द ही जिम्मेदार लोगों की पहचान कर कार्रवाई की जाएगी।






