योगेंद्र मलिक
देहरादून, 9 जनवरी 2026:
उत्तराखंड में चलाए जा रहे ऑपरेशन कालनेमि अभियान के तहत पटेलनगर कोतवाली पुलिस ने अवैध रूप से रह रही एक बांग्लादेशी महिला को गिरफ्तार किया है। वो पिछले दो वर्षों से अपनी पहचान छुपाकर देहरादून में रह रही थी।
पुलिस के मुताबिक, महिला घरों में झाड़ू-पोंछा और साफ-सफाई का काम करती थी। इसी दौरान उसने फर्जी भारतीय दस्तावेज तैयार कर लिए थे, ताकि किसी को शक न हो। पूछताछ में उसने अपना असली नाम सुबेदा बेगम पुत्री सादिक मियां, निवासी ग्राम राजा कादुपुर, थाना बनियाचांग, बांग्लादेश बताया। उसकी उम्र करीब 40 साल है। Uttarakhand News

महिला ने कबूल किया कि वह कोरोना काल के दौरान अवैध तरीके से बांग्लादेश से पश्चिम बंगाल के रास्ते भारत में दाखिल हुई थी। इसके बाद करीब दो साल पहले वह देहरादून आकर रहने लगी। उसने यह भी बताया कि उसका पति दुबई में नौकरी करता है। लोक संस्कृति कॉलोनी, पटेलनगर इलाके में एक विदेशी महिला के अवैध रूप से रहने की सूचना पुलिस को मिली थी। सूचना मिलते ही पुलिस ने तुरंत कार्रवाई करते हुए महिला को हिरासत में ले लिया। thehohalla news
तलाशी के दौरान उसके पास से अलग-अलग नामों से बने फर्जी भारतीय दस्तावेज बरामद हुए। इनमें जन्म प्रमाण पत्र, वोटर आईडी, आधार कार्ड, पैन कार्ड और एक बांग्लादेशी पहचान पत्र शामिल है। महिला सुबेदा बीबी, मोनी और प्रिया रॉय जैसे नामों से अपनी पहचान बदलकर रह रही थी। दून पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन कालनेमि के तहत जिले में अवैध रूप से रह रहे विदेशियों और फर्जी दस्तावेजों के जरिए पहचान छुपाने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा।






