राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 7 अप्रैल 2026:
उत्तराखण्ड के आयुष और आयुष शिक्षा मंत्री मदन कौशिक ने विधानसभा स्थित सभागार में विभागीय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने आयुष विभाग को राज्य के स्वास्थ्य, शिक्षा और धार्मिक पर्यटन के क्षेत्र में मजबूत बनाने पर जोर दिया।
मंत्री कौशिक ने आयुष विभाग को राज्य की दृष्टि से महत्वपूर्ण बताते हुए आयुर्वेद विश्वविद्यालय से जुड़ी समस्याओं की समीक्षा की। इस पर महानिदेशक की अध्यक्षता में एक कमेटी गठित कर तत्काल समाधान निकालने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने कहा कि धार्मिक स्थलों पर धर्मशालाओं और बड़े होटलों में आयुर्वेदिक सुविधाओं को जोड़ने की योजना बनाई जाएगी। अधिकारियों को जनमानस को लाभ पहुंचाने वाली नीतियां बनाने का भी निर्देश दिया गया।
बैठक में ब्लॉक और पंचायत स्तर पर वैलनेस सेंटर, योग और पंचकर्म जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराने की अवधारणा पर चर्चा हुई। आयुर्वेद विश्वविद्यालय द्वारा किए जा रहे शिक्षा और शोध कार्यों की समीक्षा करते हुए सभी लंबित प्रकरणों की बिंदुवार जांच करने के निर्देश भी दिए गए।
विभागीय आंकड़ों के मुताबिक प्रदेश में वर्तमान में 852 आयुर्वेदिक और यूनानी चिकित्सालय संचालित हैं। इनमें 5491 आयुर्वेदिक डॉक्टर, 1226 होम्योपैथिक डॉक्टर, 201 यूनानी डॉक्टर, 10 सिद्ध डॉक्टर और 18 प्राकृतिक चिकित्सा डॉक्टर कार्यरत हैं। मंत्री ने रिक्त पदों पर अधियाचन भेजकर भर्ती प्रक्रिया पूरी करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर सचिव आयुष रंजना राजगुरू, अपर सचिव और निदेशक विजय कुमार जोगदंडे सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।






