एमएम खान
लखनऊ/मोहनलालगंज, 30 मार्च 2026:
नए वित्तीय वर्ष की शुरुआत के साथ ही एक अप्रैल से उत्तर प्रदेश के नेशनल हाईवे और लिंक एक्सप्रेसवे पर बड़ा बदलाव लागू होने जा रहा है। अब सभी टोल प्लाजा पर नकद भुगतान पूरी तरह बंद कर दिया जाएगा। वाहन चालकों को टोल टैक्स केवल डिजिटल माध्यम से ही देना होगा। इसके साथ ही टोल दरों में भी बढ़ोतरी की गई है।
नेशनल हाईवे अथॉरिटी और यूपीडा की ओर से नई दरों की सूची जारी कर दी गई है। टोल प्लाजा पर इसे लागू करने की तैयारी पूरी कर ली गई है।लखनऊ-रायबरेली हाईवे पर स्थित निगोहां के दखिना शेखपुर टोल प्लाजा से गुजरने वाले वाहन चालकों को मंगलवार रात 12 बजे के बाद से बढ़ा हुआ टोल देना होगा। परियोजना प्रमुख दिलीप कुमार पांडेय के मुताबिक, एक अप्रैल लगते ही नई दरें लागू हो जाएंगी।

नई दरों के अनुसार, कार, जीप और हल्के मोटर वाहनों के लिए एक तरफ का टोल 115 रुपये से बढ़ाकर 120 रुपये कर दिया गया है, जबकि एक दिन के अंदर वापसी का शुल्क 180 रुपये रहेगा। मिनी बस और हल्के वाणिज्यिक वाहनों का टोल 185 से बढ़कर 195 रुपये और वापसी 280 से बढ़कर 295 रुपये कर दी गई है।
बस और दो एक्सल ट्रक के लिए एक तरफ का टोल 385 से बढ़ाकर 410 रुपये कर दिया गया है, जबकि दोनों तरफ का शुल्क 615 रुपये हो गया है। तीन एक्सल वाहनों के लिए यह दर 420 से बढ़कर 445 रुपये और वापसी 670 रुपये तय की गई है।
भारी मशीनरी और मल्टी एक्सल वाहनों के लिए भी दरों में बढ़ोतरी की गई है।

इन वाहनों का टोल 606 से बढ़ाकर 645 रुपये और वापसी 965 रुपये कर दी गई है। बड़े आकार के वाहनों के लिए एक तरफ का शुल्क 785 रुपये और वापसी 1185 रुपये तय की गई है। टोल प्लाजा के 20 किलोमीटर दायरे में रहने वाले गैर व्यावसायिक वाहन मालिकों के मासिक पास में भी बढ़ोतरी हुई है। अब इसके लिए 360 रुपये देने होंगे। सालाना पास की दर बढ़कर 3075 रुपये कर दी गई है।






