लखनऊ, 8 अप्रैल 2026:
यूपी पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड (यूपीपीसीएल) के निविदा कर्मचारियों ने बुधवार को अपनी 11 सूत्रीय मांगों को लेकर जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। मध्यांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड के मुख्यालय के बाहर एकत्र हुए कर्मचारियों ने ‘इतनी शक्ति हमें देना दाता’ प्रार्थना के साथ आंदोलन की शुरुआत की और फिर सड़क पर बैठकर नारेबाजी करते हुए अपनी आवाज बुलंद की।
प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों का कहना है कि वे लंबे समय से अपनी समस्याओं को विभाग के सामने रखते आ रहे हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला है। कई बार ज्ञापन देने और वार्ता के बावजूद स्थिति जस की तस बनी हुई है।

कर्मचारियों ने आरोप लगाया कि निविदा पर कार्यरत कर्मियों को न तो पर्याप्त वेतन मिल रहा है और न ही उन्हें स्थायी कर्मचारियों जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे उनके सामने आर्थिक और सामाजिक संकट गहराता जा रहा है।
धरने पर बैठे कर्मियों ने अपनी प्रमुख मांगों में नियमितीकरण, समान कार्य के लिए समान वेतन, न्यूनतम वेतनमान का पालन, समय पर वेतन भुगतान, ईपीएफ और ईएसआई की पूर्ण सुविधा, कार्यस्थल पर सुरक्षा उपकरण, दुर्घटना बीमा और मुआवजा, ठेकेदारी प्रथा में पारदर्शिता, निर्धारित कार्य समय और शिफ्ट व्यवस्था, बिना कारण छंटनी पर रोक और वर्षों से कार्यरत कर्मचारियों को स्थायी दर्जा देने की मांग उठाई।
कर्मचारियों ने स्पष्ट चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर जल्द निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को प्रदेश स्तर पर और व्यापक किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर बिजली कार्य बाधित करने जैसे कठोर कदम भी उठाए जा सकते हैं। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि वे किसी भी स्थिति में पीछे हटने वाले नहीं हैं और जब तक ठोस आश्वासन नहीं मिलता, उनका आंदोलन जारी रहेगा।






