यामानाशी/लखनऊ, 27 फरवरी 2026:
होली से कुछ दिन पहले यूपी की अर्थव्यवस्था पर निवेश का रंग चढ़ गया। दरअसल सीएम योगी के चार दिन वाले सिंगापुर व जापान दौरे से बंपर निवेश प्रदेश को मिला है। सफलता से खुश मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इसे उत्तर प्रदेश के लिए बड़ी कामयाबी बताया है। इस दौरे के दौरान प्रदेश को करीब 1.5 लाख करोड़ रुपये के एमओयू और लगभग 2.5 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं। सरकार का दावा है कि ये निवेश जमीन पर उतरते हैं तो पांच लाख से ज्यादा युवाओं के लिए रोजगार के मौके तैयार हो सकते हैं।
जापान में 90 तो सिंगापुर में 60 हजार करोड़ के एमओयू साइन
मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री ने कहा कि विदेशों में उत्तर प्रदेश की कानून व्यवस्था, पारदर्शी सिस्टम और बेहतर कारोबारी माहौल को लेकर निवेशकों का भरोसा साफ नजर आया। जापान में करीब 90 हजार करोड़ रुपये के एमओयू और 1.5 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले, जबकि सिंगापुर में 60 हजार करोड़ रुपये के समझौते और करीब 1 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव सामने आए।
विदेशी निवेशक यूपी में निवेश को लेकर गंभीर
अब इन प्रस्तावों को आगे बढ़ाने की जिम्मेदारी इन्वेस्ट यूपी और संबंधित विभागों को दी गई है। उन्होंने कहा कि पिछले कुछ वर्षों में कानून व्यवस्था मजबूत होने और ईज ऑफ डूइंग बिजनेस में सुधार का असर अब दिख रहा है। टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल और प्रशासनिक पारदर्शिता की वजह से विदेशी निवेशक उत्तर प्रदेश में निवेश को लेकर गंभीर दिखे।
दोनों देशों के डेलिगेशन यूपी आएंगे
दौरे के दौरान जापान के यामानाशी प्रांत के गवर्नर ने अगस्त में करीब 200 जापानी सीईओ के प्रतिनिधिमंडल के साथ उत्तर प्रदेश आने की सहमति दी है। वहीं सिंगापुर से भी बड़ा बिजनेस डेलिगेशन जल्द प्रदेश का दौरा करेगा। तीनों शहरों सिंगापुर, टोक्यो और यामानाशी में भारतीय समुदाय के साथ हुए कार्यक्रमों में भी काफी उत्साह देखने को मिला।
यूपी में निवेशकों के लिए सब कुछ उपलब्ध
मुख्यमंत्री के मुताबिक प्रदेश के पास बड़ा लैंड बैंक, स्पष्ट सेक्टर आधारित नीतियां और मजबूत इंफ्रास्ट्रक्चर निवेशकों को आकर्षित कर रहा है। सरकार का मानना है कि ये निवेश औद्योगिक विकास के साथ स्किलिंग और टेक्नोलॉजी ट्रांसफर को भी नई रफ्तार देंगे।
विदेश में 60 से अधिक औपचारिक बैठकें हुईं
दौरे के दौरान करीब 60 से ज्यादा औपचारिक बैठकें और कार्यक्रम आयोजित हुए। सिंगापुर, टोक्यो और यामानाशी में निवेश रोड शो किए गए, जिनमें 450 से 500 के बीच निवेशक, उद्योगपति और वित्तीय संस्थानों के प्रतिनिधि शामिल हुए। आईटी, लॉजिस्टिक्स, सेमीकंडक्टर, फिनटेक, मेडटेक, टूरिज्म और डीप टेक जैसे सेक्टरों में निवेश को लेकर सकारात्मक बातचीत हुई।
यीडा क्षेत्र में विकसित होगी जापान सिटी
जापान में ऑटोमोबाइल, ग्रीन हाइड्रोजन, सोलर और लॉजिस्टिक्स सेक्टर पर खास फोकस रहा। सुजुकी मोटर कॉरपोरेशन, होंडा मोटर्स और मित्सुई जैसी कंपनियों के साथ निवेश संभावनाओं पर चर्चा हुई। यीडा क्षेत्र में जापानी निवेशकों के लिए अलग जापान सिटी विकसित करने की योजना पर भी बातचीत आगे बढ़ी है।
प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मिलेगी नई दिशा
प्रतिनिधिमंडल ने यामानाशी में ग्रीन हाइड्रोजन प्लांट का निरीक्षण किया और नई तकनीक को करीब से समझा। वहीं सिंगापुर में स्किल डेवलपमेंट संस्थानों, एमआरओ सुविधा, वेयरहाउसिंग और कार्गो सिस्टम का अध्ययन किया गया, जिसे नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट परियोजना में उपयोगी माना जा रहा है। जापान में हाई स्पीड मैग्लेव ट्रेन और रोबोटिक्स फैक्ट्री का भी अवलोकन किया गया, जहां आधुनिक ऑटोमेशन तकनीक को समझा गया। सरकार का कहना है कि यह दौरा सिर्फ निवेश समझौतों तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि टेक्नोलॉजी साझेदारी, स्किल डेवलपमेंट और औद्योगिक विस्तार के जरिए प्रदेश की अर्थव्यवस्था को नई दिशा देगा।






