गोरखपुर, 11 जुलाई 2026:
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को अपने तीन दिवसीय गोरखपुर दौरे के दौरान पिपराइच विधानसभा क्षेत्र को 758 करोड़ रुपये से अधिक की 24 विकास परियोजनाओं की सौगात दी। कार्यक्रम में करीब 697 करोड़ रुपये की लागत वाली चार परियोजनाओं का लोकार्पण किया गया, जबकि 54 करोड़ रुपये से अधिक की लागत वाली कई नई योजनाओं का शिलान्यास हुआ। इनमें सबसे बड़ी परियोजना 11.6 किलोमीटर लंबी भटहट-बांसस्थान फोरलेन सड़क रही, जिससे गोरखपुर की Road Connectivity को नई रफ्तार मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज गोरखपुर से बांसस्थान तक का सफर करीब 15 मिनट में पूरा हो रहा है, जबकि पहले एक घंटे से ज्यादा समय लग जाता था। उन्होंने कहा कि कुछ वर्ष पहले कोई कल्पना भी नहीं कर सकता था कि इस इलाके में फोरलेन सड़कें, फ्लाईओवर और बड़े संस्थान बनेंगे।
उन्होंने कहा कि बेहतर कनेक्टिविटी से रोजगार, निवेश और नई संभावनाएं बढ़ती हैं। सड़कें केवल रास्ते नहीं बनातीं, बल्कि इलाके की तरक्की का आधार तैयार करती हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि विकास का फायदा हर वर्ग तक पहुंचना चाहिए और सरकार उसी दिशा में लगातार काम कर रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 2017 से पहले पूर्वांचल इंसेफेलाइटिस, पिछड़ेपन और पलायन की पहचान बन गया था। गरीबों, महिलाओं और जरूरतमंदों तक योजनाओं का लाभ सही तरीके से नहीं पहुंचता था। अब इलाज की बेहतर व्यवस्था हुई है, नौजवानों को रोजगार के अवसर मिल रहे हैं और गांवों तक विकास पहुंच रहा है।
आयुष विश्वविद्यालय से शुरू हुआ कार्यक्रम
मुख्यमंत्री ने सबसे पहले प्रदेश के पहले आयुष विश्वविद्यालय पहुंचकर दो नए छात्रावासों का उद्घाटन किया। इसके बाद अन्नप्राशन कार्यक्रम में बच्चों को गोद में लेकर दुलार किया। महिलाओं की गोदभराई कराई और विभिन्न सरकारी योजनाओं के लाभार्थियों को टूल किट भी वितरित की। इसके बाद वह बांसस्थान स्थित कार्यक्रम स्थल पहुंचे, जहां विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास किया।
मंच पर मुख्यमंत्री के साथ सांसद रवि किशन और पिपराइच विधायक महेंद्रपाल सिंह समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
भटहट-बांसस्थान फोरलेन बनी सबसे बड़ी सौगात
लोकार्पित परियोजनाओं में सबसे अहम 689.35 करोड़ रुपये की लागत से तैयार 11.6 किलोमीटर लंबी भटहट-बांसस्थान फोरलेन सड़क रही। यह मार्ग प्रदेश के पहले आयुष विश्वविद्यालय तक पहुंचने का प्रमुख रास्ता है। सड़क बनने से मरीजों, छात्रों और आसपास के गांवों के लोगों का सफर पहले की तुलना में काफी आसान हो जाएगा। इसके अलावा चकजलाल-घोड़ादेउर-तरकुलही हनुमान मंदिर संपर्क मार्ग, हाफिजनगर द्वितीय संपर्क मार्ग और सिरसिया महादेव मंदिर तक सड़क चौड़ीकरण जैसी परियोजनाओं का भी लोकार्पण किया गया।
सड़कों के साथ पर्यटन परियोजनाओं को भी मिली मंजूरी
मुख्यमंत्री ने जिन योजनाओं का शिलान्यास किया, उनमें सड़क निर्माण के साथ पर्यटन विकास से जुड़ी परियोजनाएं भी शामिल हैं। भरवलिया-एकला मार्ग, गुलरिहा रामनगर-एकला मार्ग और सरैया-बांसस्थान मार्ग के चौड़ीकरण की शुरुआत हुई। इसके अलावा सिरसिया महादेव कुंड, बूढ़ाडीह स्थित समय माता मंदिर और औरंगाबाद गांव के पर्यटन विकास कार्यों की भी आधारशिला रखी गई। जंगल डुमरी क्षेत्र में सड़क लेपन कार्य भी शुरू कराया गया।






