
एमएम खान
मोहनलालगंज (लखनऊ), 29 अगस्त 2026:
यूपी की राजधानी लखनऊ के नगराम क्षेत्र में जुड़वा बच्चों को जन्म देने के बाद एक प्रसूता की मौत हो गई। समेसी स्थित निजी नर्सिंग होम में ऑपरेशन के बाद महिला की हालत बिगड़ी तो उसे दूसरे अस्पताल रेफर किया गया। परिजनों का आरोप है कि समय पर बेहतर इलाज नहीं मिलने से उसकी जान चली गई। महिला की मौत के बाद गुस्साए परिजनों ने नर्सिंग होम पहुंचकर बाहर ही बेड पर शव रखा और हंगामा शुरू कर दिया। इस बीच पुलिस ने किसी तरह हालात संभाले। मृतका के देवर ने पुलिस को तहरीर दी है।
चार दिन पूर्व नर्सिंग होम में भर्ती हुई, प्रसव के बाद बिगड़ी तबियत
समेसी गांव के मजरा कंचनखेड़ा निवासी अरविंद पत्नी दीपा (23) को प्रसव पीड़ा होने पर 25 अगस्त को नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया था। 26 अगस्त को ऑपरेशन के जरिए दीपा ने जुड़वा बच्चों को जन्म दिया। परिजनों के मुताबिक 29 अगस्त की सुबह करीब सात बजे दीपा की हालत बिगड़ गई। नर्सिंग होम से उसे संजीवनी हॉस्पिटल रेफर किया गया। परिजन उसे लेकर अस्पताल जा रहे थे, तभी रास्ते में उसकी मौत हो गई।

मौत के बाद नर्सिंग होम पहुंचे परिजन
दीपा की मौत की जानकारी मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया। परिजन वापस उसी नर्सिंग होम पहुंचे। नर्सिंग होम के बाहर जहां वाहनों की पार्किंग होती थी वहीं बेड पर शव रखा और हंगामा शुरूनकर दिया। इस दौरान आसपास भीड़ जमा हो गई। उन्होंने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। उनका कहना था कि समय रहते सही इलाज मिलता तो दीपा की जान बचाई जा सकती थी। समेसी निवासी मृतका के देवर अंकुल ने पुलिस को तहरीर दी। इसमें बताया गया कि दीपा की शादी करीब पांच साल पहले अरविंद कुमार से हुई थी। उसका मायका माधवखेड़ा, शिवगढ़, रायबरेली में है।
पुलिस ने पोस्टमार्टम के लिए भेजा शव
हंगामे की सूचना पर नगराम पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने परिजनों को कार्रवाई का भरोसा देकर शांत कराया। एसओ नगराम अंजनी सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट व परिजनों की तहरीर के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। मामले में नर्सिंग होम प्रबंधन की ओर से फिलहाल कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।






