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अखिलेश का बड़ा सियासी दांव! BJP, BSP व AIMIM के नेता साइकिल पर सवार, 2027 से पहले बढ़ी हलचल

सपा में हुई ‘घर वापसी’ और दलबदल से अखिलेश ने साधा बड़ा संदेश, बोले- चुनाव में PDA से गंभीर कोई नहीं, भाजपा सरकार पर वादाखिलाफी और स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर जमकर बरसे

लखनऊ, 29 अगस्त 2026:

यूपी की सियासत में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले समाजवादी पार्टी ने शनिवार को बड़ा सियासी संदेश देने की कोशिश की। राजधानी लखनऊ स्थित प्रदेश मुख्यालय में सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव की मौजूदगी में बसपा, भाजपा और एआईएमआईएम से जुड़े कई नेताओं ने समाजवादी पार्टी की सदस्यता ग्रहण की। इनमें पूर्व विधायक, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष, पूर्व ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत सदस्य शामिल रहे। नेताओं के साथ बड़ी संख्या में उनके समर्थक भी सपा कार्यालय पहुंचे।

सपा में शामिल होने वालों में प्रतापगढ़ की रानीगंज सीट से 2007 में बसपा विधायक रहे राम शिरोमणि शुक्ला प्रमुख नाम हैं। खास बात यह है कि कुछ समय पहले उन्होंने लखनऊ में उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक से मुलाकात भी की थी। इसके बाद अब उनके सपा में शामिल होने से सियासी चर्चाओं को हवा मिल गई है।

वहीं पीलीभीत के बरखेड़ा से पूर्व सपा विधायक और अखिलेश यादव सरकार में राज्यमंत्री रहे हेमराज वर्मा ने ‘घर वापसी’ की। उन्होंने अपने समर्थकों के साथ दोबारा सपा की सदस्यता ली। हेमराज वर्मा ने 2012 में बरखेड़ा विधानसभा सीट से सपा के टिकट पर चुनाव जीता था। वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव से पहले उन्होंने भाजपा का दामन थाम लिया था। अब करीब ढाई साल बाद उनकी सपा में वापसी को अखिलेश खेमे के लिए अहम माना जा रहा है।

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इसी क्रम में एआईएमआईएम के राष्ट्रीय प्रवक्ता एवं श्रावस्ती निवासी डॉ. अब्दुल मन्नान ने भी सपा का हाथ थाम लिया। वह पहले ही सपा में शामिल होने की घोषणा कर चुके थे। पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष ऊषा मौर्य समेत कई पूर्व ब्लॉक प्रमुख और जिला पंचायत सदस्यों ने भी सपा की सदस्यता ग्रहण की।

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इन नेताओं का स्वागत करते हुए अखिलेश यादव ने कहा कि इनके आने से समाजवादी पार्टी को मजबूती मिलेगी। उन्होंने PDA को लेकर भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा कि देश और प्रदेश में संकीर्ण सोच रखने वाले लोग PDA से घबराए हुए हैं। अखिलेश ने कहा कि चुनाव में PDA से गंभीर कोई नहीं है।

रक्षाबंधन पर महिलाओं के लिए मुफ्त बस यात्रा के मुद्दे पर भी अखिलेश ने प्रदेश सरकार को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने मुफ्त बस यात्रा का वादा तो किया लेकिन बसें ही हटवा दीं। भाजपा पर वादाखिलाफी का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा कि जो लोग ‘प्राण जाए पर वचन न जाए’ कहने वालों को भी ठग सकते हैं, वे जनता से किए वादे कैसे निभाएंगे।

अखिलेश यादव ने स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर भी सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि भविष्य में समाजवादी पार्टी अपने घोषणापत्र में यह प्रावधान करेगी कि गरीबों को गंभीर बीमारी के इलाज के लिए कोई पैसा न देना पड़े। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार में स्वास्थ्य विभाग ही वेंटिलेटर पर है।

सपा नेतृत्व ने 2027 में सरकार बनाने का लक्ष्य दोहराया। इस दौरान पूर्व मंत्री नसीमुद्दीन सिद्दीकी और राजेन्द्र चौधरी समेत पार्टी के कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। इस सदस्यता मुहिम के जरिए अखिलेश यादव ने एक तरफ संगठन को विस्तार देने का संदेश दिया तो दूसरी तरफ अलग-अलग दलों से आए नेताओं के जरिए आगामी विधानसभा चुनाव से पहले अपने राजनीतिक कुनबे को मजबूत करने की कवायद भी तेज कर दी।

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Rakesh Kumar Verma

राकेश कुमार वर्मा एक वरिष्ठ पत्रकार हैं। इन्हें मीडिया जगत में लगभग 31 वर्षों का व्यापक और समृद्ध अनुभव है। इन्होंने प्रिंट और डिजिटल दोनों ही माध्यमों में कार्य करते हुए अपनी मजबूत और प्रभावशाली उपस्थिति दर्ज कराई है। यूपी की राजधानी लखनऊ में स्वतंत्र भारत, राष्ट्रीय सहारा, जनसत्ता एक्सप्रेस,… More »

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