लखनऊ, 8 मार्च 2026:
यूपी में डिजिटल कनेक्टिविटी को गांव-गांव तक पहुंचाने और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई गति देने की दिशा में सरकार एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। इसी कड़ी में सोमवार को उत्तर प्रदेश स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन की पहल पर ‘प्रोजेक्ट गंगा’ के तहत हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड कनेक्टिविटी के विस्तार के लिए महत्वपूर्ण समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए जाएंगे।
लखनऊ के आयोजित इस कार्यक्रम में स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन, उत्तर प्रदेश और वनओटीटी इंटरटेनमेंट लिमिटेड (ओआईएल-हिंदुजा ग्रुप लिमिटेड की सहायक कंपनी) के बीच औपचारिक एमओयू का आदान-प्रदान होगा। कार्यक्रम में प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगे।
‘प्रोजेक्ट गंगा’ का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के ग्रामीण और अर्ध-शहरी क्षेत्रों में डिजिटल कनेक्टिविटी को मजबूत बनाना है। इस परियोजना के तहत न्याय पंचायत स्तर पर 8,000 से 10,000 स्थानीय उद्यमियों को स्वतंत्र डिजिटल सेवा प्रदाता (डीएसपी) के रूप में तैयार किया जाएगा। ये उद्यमी अपने-अपने क्षेत्रों में हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड सेवाएं उपलब्ध कराएंगे। इससे गांवों में इंटरनेट की पहुंच तेज और सुलभ हो सकेगी।
परियोजना के माध्यम से अगले दो से तीन वर्षों में प्रदेश के 20 लाख से अधिक घरों को हाई-स्पीड ब्रॉडबैंड से जोड़ने का लक्ष्य रखा गया है। इसके साथ ही इस पहल से 10 लाख से अधिक लोगों के लिए प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होने की संभावना है। इससे ग्रामीण युवाओं को अपने ही क्षेत्र में रोजगार के नए विकल्प मिलेंगे।
इस योजना के तहत चयनित डिजिटल सेवा प्रदाताओं को प्रशिक्षण, वित्तीय सहायता, नेटवर्क निर्माण और आधुनिक तकनीकी सक्षमता जैसी संरचित मदद दी जाएगी। इससे वे अपने क्षेत्रों में मजबूत डिजिटल नेटवर्क विकसित कर सकेंगे और स्थानीय स्तर पर डिजिटल सेवाओं का विस्तार होगा।
यह पहल सीएम योगी आदित्यनाथ के ‘डिजिटल उत्तर प्रदेश’ के विजन को आगे बढ़ाने में अहम साबित होगी। साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में ई-गवर्नेंस, ऑनलाइन शिक्षा, टेलीमेडिसिन और अन्य डिजिटल सेवाओं के विस्तार को भी नई गति मिलेगी। कार्यक्रम में स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन के सीईओ मनोज कुमार सिंह, हिंदुजा ग्रुप के प्रतिनिधि और परियोजना से जुड़े अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।






