Lucknow City

UP की तरह बंगाल में हुई वोट डकैती… अखिलेश का भाजपा पर बड़ा हमला, जानिए किससे तोड़ा नाता

फंड की कमी बताकर चुनावी रणनीतिकार कंपनी I-PAC से दूरी, बोले-2027 के विधानसभा चुनाव में PDA की ऐतिहासिक जीत तय

लखनऊ, 6 मई 2026:

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के बाद सियासी घमासान तेज हो गया है। इसी बीच सपा मुखिया अखिलेश यादव ने बुधवार को भाजपा पर तीखा हमला बोलते हुए गंभीर आरोप लगाए। लखनऊ स्थित पार्टी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने दावा किया कि भाजपा ने पश्चिम बंगाल में भी वही वोट डकैती मॉडल अपनाया जो उत्तर प्रदेश में पहले इस्तेमाल किया जा चुका है।

अखिलेश यादव ने कहा कि जो ममता बनर्जी ने बंगाल में देखा वही समाजवादी पार्टी 2022 में कन्नौज की छिबरामऊ सीट पर झेल चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि उस दौरान पुलिसकर्मियों ने ड्रेस बदलकर फर्जी मतदान किया और एक खास जाति के अधिकारियों की तैनाती की गई थी।

यूपी के उपचुनावों का जिक्र करते हुए सपा प्रमुख ने कुंदरकी, मिल्कीपुर समेत कई सीटों पर भाजपा पर वोटों की डकैती का आरोप दोहराया। उन्होंने कहा कि जनता सब देख रही है। 2027 में PDA (पिछड़ा, दलित, अल्पसंख्यक) गठबंधन ऐतिहासिक जीत दर्ज करेगा और जनता खुद चुनाव लड़ेगी।

प्रेस कॉन्फ्रेंस का सबसे बड़ा राजनीतिक संकेत तब मिला जब अखिलेश यादव ने चुनावी रणनीति संभाल रही कंपनी I-PAC से नाता तोड़ने का ऐलान कर दिया। उन्होंने साफ कहा कि हमारे साथ कुछ महीने काम हुआ लेकिन अब हम साथ नहीं चल पा रहे हैं। वजह फंड की कमी को बताया। कहा कि हम इतनी फीस नहीं दे सकते।

मालूम हो कि I-PAC ही पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी के चुनावी अभियान की रणनीति देख रही थी और यूपी में 2027 के लिए भी सपा ने इसी कंपनी को जिम्मेदारी सौंपी थी। सूत्रों के मुताबिक 2025 में दिल्ली में पहली बैठक और फिर जनवरी में बंगाल दौरे के दौरान दूसरी मुलाकात के बाद यह करार हुआ था। हालांकि, राजनीतिक गलियारों में इस समझौते के टूटने के पीछे अन्य कारणों की भी चर्चा है लेकिन अखिलेश ने इसे सिरे से खारिज करते हुए सिर्फ आर्थिक कारण बताया।

इसके साथ ही उन्होंने भाजपा पर केंद्रीय एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि भाजपा ड्राइक्लीन की दुकान है। ईडी-सीबीआई के आंकड़े खुद सच्चाई बताते हैं। उन्होंने कानपुर और गोरखपुर का उदाहरण देते हुए दावा किया कि भाजपा अपने ही लोगों पर छापे डलवाती रही है।
अखिलेश यादव ने यह भी ऐलान किया कि वह जल्द ही बंगाल जाकर ममता बनर्जी से मुलाकात करेंगे। इसके साथ ही पार्टी नेताओं को सख्त हिदायत दी कि वे मीडिया से ‘ऑफ द रिकॉर्ड’ बातचीत से बचें।

धार्मिक मुद्दों पर भी सपा प्रमुख ने नया संकेत देते हुए कहा कि केदारश्वर मंदिर के लिए भी राम मंदिर की तरह चंदा अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि भगवान सबके हैं। केदारश्वर, बजरंगबली व शिव-शक्ति रेखा का जिक्र कर राजनीतिक संदेश देने की कोशिश की।

READ MORE 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button