लखनऊ, 9 मई 2026:
यूपी के गांवों में दुग्ध कारोबार अब केवल पारंपरिक पशुपालन तक सीमित नहीं रहायोगी सरकार की योजनाओं और तकनीक आधारित मॉडल ने ग्रामीण महिलाओं की जिंदगी बदलनी शुरू कर दी है। गांव की महिलाएं अब आधुनिक दुग्ध व्यापार से जुड़कर आर्थिक आत्मनिर्भरता की नई कहानी लिख रही हैं। अकेले अवध क्षेत्र में ही दुग्ध कारोबार से 18 हजार से अधिक महिलाएं लखपति दीदी बन चुकी हैं।
योगी सरकार ने दुग्ध उत्पादन क्षेत्र में महिलाओं को सशक्त बनाने के लिए बड़े स्तर पर योजनाएं लागू की हैं। आधुनिक दुग्ध उत्पादन, गुणवत्ता प्रबंधन और डिजिटल भुगतान प्रणाली का प्रशिक्षण देकर अवध क्षेत्र में सवा लाख से अधिक महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाया गया है। सरकार द्वारा तैयार किए गए पारदर्शी दुग्ध नेटवर्क ने गांवों में कारोबार करने वालों को बिचौलियों के चंगुल से बाहर निकाल दिया है।
अब दूध की गुणवत्ता जांच, संग्रहण, बिक्री और भुगतान की पूरी प्रक्रिया तकनीक आधारित हो चुकी है। मोबाइल ऐप और डिजिटल सिस्टम के जरिए महिलाएं गांव से ही सीधे बाजार व्यवस्था से जुड़ रही हैं। महिला स्वामित्व वाली सामर्थ्या मिल्क प्रोड्यूसर कम्पनी के माध्यम से महिलाओं को संगठित कारोबार की सुविधाएं मिल रही हैं। सबसे बड़ी बात यह है कि दुग्ध उत्पादकों को हर दस दिन में सीधे उनके बैंक खातों में भुगतान किया जा रहा है। इससे पारदर्शिता बढ़ी है और महिलाओं का भरोसा मजबूत हुआ है।
बीते तीन वर्षों में सवा लाख से अधिक महिलाएं इस नेटवर्क से जुड़ चुकी हैं। इनके माध्यम से प्रतिदिन लगभग चार लाख लीटर से ज्यादा दूध का संग्रहण किया जा रहा है। यह आंकड़ा गांवों में महिलाओं की बढ़ती आर्थिक ताकत और संगठित दुग्ध क्रांति की तस्वीर पेश करता है।
दुग्ध उत्पादकों को रियल टाइम दूध बिक्री, गुणवत्ता और भुगतान से जुड़ी जानकारियां डिजिटल माध्यम से उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे गांवों का पारंपरिक दुग्ध कारोबार अब आधुनिक बिजनेस मॉडल में बदलता दिखाई दे रहा है। महिला स्वयं सहायता समूहों और दुग्ध समितियों के जरिए ग्रामीण अर्थव्यवस्था को नई रफ्तार मिल रही है।
दूध कारोबार से जुड़ी महिलाएं अब अपने परिवार की आय बढ़ाने के साथ ही गांवों में रोजगार सृजन का बड़ा माध्यम भी बन रही हैं। योगी सरकार की योजना इस नेटवर्क को गांव-गांव तक विस्तार देने की है जिससे अधिक से अधिक महिलाएं तकनीक आधारित दुग्ध व्यापार से जुड़कर आत्मनिर्भर बन सकें।






