अनिल निषाद
अयोध्या, 30 मई 2026ः
यूपी के अयोध्या में स्थित डोगरा रेजिमेंटल सेंटर में शनिवार को गौरव और वीरता का ऐतिहासिक क्षण देखने को मिला। अग्निवीर योजना के तहत प्रशिक्षित सातवें बैच के 835 जवानों ने पासिंग आउट परेड में हिस्सा लिया और अपने अनुशासन का परिचय दिया। अब ये जवान भारतीय सेना की विभिन्न इकाइयों में अपनी सेवाएं देंगे और देश की सीमाओं की सुरक्षा करेंगे।
जमीदार लाला परेड ग्राउंड में आयोजित भव्य पासिंग आउट परेड में जवानों ने शानदार मार्च पास्ट, सैन्य अनुशासन और युद्ध दक्षता का प्रदर्शन करते हुए सेना की गौरवशाली परंपराओं को जीवंत कर दिया। परेड की सलामी डोगरा रेजिमेंटल सेंटर के कमांडेंट ब्रिगेडियर जितेन्द्र शर्मा ने ली। उन्होंने जवानों के अनुशासन, समर्पण और प्रशिक्षण के दौरान किए गए कठिन परिश्रम की सराहना की। कहा कि भारतीय सेना में शामिल होना केवल एक उपलब्धि नहीं, बल्कि देश की रक्षा और सेवा का महान दायित्व है।

कमांडेंट ब्रिगेडियर ने कहा कि अग्निवीरों को ऐसी परिस्थितियों के लिए तैयार किया गया है, जहां उन्हें विषम हालात में भी धैर्य, साहस और सूझबूझ के साथ निर्णय लेना पड़े। इस प्रशिक्षण का उद्देश्य केवल सैनिक तैयार करना नहीं, बल्कि ऐसे जिम्मेदार और सक्षम योद्धा तैयार करना है, जो हर चुनौती का सामना करते हुए देश की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकें।
पासिंग आउट परेड के दौरान जवानों ने कदम से कदम मिलाकर आकर्षक मार्च पास्ट किया। उनकी एकरूपता, अनुशासन और आत्मविश्वास ने अधिकारियों, प्रशिक्षकों और परिजनों का दिल जीत लिया। सैन्य बैंड की मधुर धुनों के बीच जवानों की टुकड़ियां जब परेड ग्राउंड से गुजरीं तो पूरा परिसर तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा। परेड का नेतृत्व अग्निवीर नवदीप सिंह ने किया। परेड के दौरान सेना की विभिन्न ड्रिलों और सैन्य गतिविधियों का प्रदर्शन भी किया गया।
समारोह के दौरान प्रशिक्षण में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले अग्निवीरों को सम्मानित किया गया। सभी चरणों में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अग्निवीर तरुण राणा को प्रतिष्ठित गोल्ड मेडल दिया गया। इसके अलावा विभिन्न प्रशिक्षण श्रेणियों में बेहतर प्रदर्शन करने वाले अन्य अग्निवीरों को भी प्रशस्ति पत्र और सम्मान प्रदान किए गए।






