लखनऊ, 7 जून 2026:
यूपी की राजधानी के प्रमुख व्यापारी संगठन लखनऊ व्यापार मण्डल के त्रैवार्षिक चुनाव में नाम वापसी और आपत्तियों के निस्तारण के बाद सभी पदों पर प्रत्याशी निर्विरोध निर्वाचित घोषित किए गए। चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद चुनाव अधिकारी अनिल वरमानी, भारत भूषण गुप्ता और देव कुमार शुक्ला ने सभी नवनिर्वाचित पदाधिकारियों को पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई।
इसके बाद गौतमबुद्ध मार्ग स्थित व्यापार भवन में अध्यक्ष अमरनाथ मिश्र की अगुवाई में नई कार्यकारिणी की पहली बैठक आयोजित हुई। बैठक में संगठन की भावी रणनीति, व्यापारी हितों से जुड़े मुद्दों और संगठन के विस्तार को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। इसके साथ ही विभिन्न पदाधिकारियों को उनकी जिम्मेदारियां भी सौंपी गईं।
अध्यक्ष अमरनाथ मिश्र ने कहा कि लखनऊ नगर के तेजी से हो रहे विस्तार और नई बाजारों के विकास को देखते हुए संगठन को और व्यापक स्वरूप दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि ट्रांसगोमती और शेष गोमती क्षेत्रों के साथ-साथ परिक्षेत्र और जोन स्तर पर भी संगठनात्मक इकाइयों का गठन किया जाएगा। इससे व्यापारियों की समस्याओं का प्रभावी और त्वरित समाधान सुनिश्चित हो सकेगा। उन्होंने कहा कि नई टीम अनुभवी नेतृत्व और युवा ऊर्जा का संतुलित मिश्रण है। यह पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ व्यापारियों की अपेक्षाओं पर खरा उतरेगी।

प्रधान वरिष्ठ महामंत्री पवन मनोचा ने कहा कि संगठन व्यापारियों और प्रशासन के बीच मजबूत संवाद स्थापित करेगा तथा व्यापारियों की जायज समस्याओं के समाधान के लिए लगातार प्रयास करेगा। वरिष्ठ महामंत्री जितेन्द्र सिंह चौहान ने कहा कि व्यापारियों के अधिकारों की रक्षा और उनके हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाएगी। वहीं वरिष्ठ महामंत्री अनुराग मिश्र ने नई कार्यकारिणी को युवा और अनुभवी नेतृत्व का प्रभावी संयोजन बताते हुए व्यापारी एकता को और मजबूत बनाने का संकल्प दोहराया।
वरिष्ठ महामंत्री उमेश शर्मा ने बाजार स्तर तक सक्रिय इकाइयों के गठन पर जोर देते हुए कहा कि हर व्यापारी की आवाज संगठन तक पहुंचे, इसके लिए मजबूत नेटवर्क तैयार किया जाएगा। देवेन्द्र गुप्ता ने कहा कि व्यापारी हितों से जुड़े हर महत्वपूर्ण मुद्दे पर संगठन मजबूती से खड़ा रहेगा। कोषाध्यक्ष सुहैल हैदर अल्वी ने संगठन की वित्तीय व्यवस्था को और अधिक पारदर्शी एवं सुदृढ़ बनाने की बात कही।
बैठक में प्रबुद्ध समिति का भी गठन किया गया। इसमें देव कुमार शुक्ला, राकेश छाबड़ा, केदार बाजपेई और विनोद चन्द्र गर्ग को शामिल किया गया। नई कार्यकारिणी के गठन के साथ ही संगठन ने व्यापारी हितों की लड़ाई को और अधिक प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाने का संदेश दिया है।






