अंकिता को न्याय दिलाने की उठाई मांग, महिला कांग्रेस का प्रदर्शन, दुष्यंत गौतम का फूंका पुतला
घंटाघर पर कांग्रेसियों ने केंद्र सरकार के खिलाफ की जमकर नारेबाजी, राज्यपाल नियुक्त किए जाने पर सवाल उठाते हुए बर्खास्त करने की मांग की

राजकिशोर तिवारी
देहरादून, 20 अक्टूबर 2026:
दशहरे पर बुराई के प्रतीक रावण के दहन के बीच अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग को लेकर उत्तराखंड महिला कांग्रेस ने देहरादून में जोरदार प्रदर्शन किया। साथ ही महिला कांग्रेस ने घंटाघर में रावण के प्रतीकात्मक स्वरूप में दुष्यंत गौतम का पुतला दहन किया और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।

भाजपा सरकार पर अपने लोगों को संरक्षण देने का लगाया आरोप
प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में अंकिता को न्याय दिलाने और दुष्यंत गौतम को बर्खास्त करने की मांग उठाई गई। महिला कांग्रेस ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि महिलाओं के सम्मान, सुरक्षा और न्याय के सवाल पर उसका संघर्ष जारी रहेगा। ज्योति रौतेला ने कहा कि अंकिता भंडारी को न्याय दिलाने की मांग लगातार उठ रही है, लेकिन केंद्र सरकार मूकदर्शक बनी हुई है। उन्होंने दुष्यंत गौतम को राज्यपाल नियुक्त किए जाने पर सवाल उठाते हुए कहा कि उन्हें इस मामले में सीबीआई की ओर से क्लीन चिट दिए जाने की जानकारी नहीं है। ऐसे में नियुक्ति को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है। उन्होंने भाजपा सरकार पर गंभीर मामलों में निष्पक्ष कार्रवाई करने के बजाय अपने लोगों को संरक्षण देने का आरोप लगाया। कहा कि इस तरह की कार्यप्रणाली से न्याय की उम्मीद लगाए बैठे लोगों का विश्वास कमजोर होता है।
दशहरे के संदेश से जोड़ा अंकिता भंडारी का मुद्दा
ज्योति रौतेला ने कहा कि दशहरा बुराई पर अच्छाई की जीत का प्रतीक है। इसी संदेश के साथ महिला कांग्रेस ने दुष्यंत गौतम का प्रतीकात्मक पुतला दहन कर महिलाओं के सम्मान और न्याय की आवाज बुलंद की। उन्होंने कहा कि अंकिता भंडारी प्रकरण केवल एक मामले तक सीमित नहीं है, बल्कि यह महिलाओं की सुरक्षा और न्याय के प्रति सरकार की जवाबदेही से भी जुड़ा है। प्रदर्शन में महानगर महिला कांग्रेस अध्यक्ष उर्मिला ढोंडियाल, नंदिता गढ़िया, अनुराधा तिवारी, विनीत प्रसाद भट्ट, सिद्धार्थ अग्रवाल, स्वयं रावत, तेजस्वी राणा, अभिनव वृष्टि, मुकेश बसेड़ा, अभिनव कपालिया, संगीता शर्मा, जैसी लक्ष्मी, सोनिया और अनीता सकलानी सहित अनेक कांग्रेस कार्यकर्ता मौजूद रहे।






