राजकिशोर तिवारी
रुद्रप्रयाग, 19 अप्रैल 2026:
बाबा केदारनाथ की पंचमुखी उत्सव डोली रविवार को शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर, ऊखीमठ से केदारनाथ धाम के लिए रवाना हो गई। वैदिक मंत्रों और पारंपरिक पूजा के बीच डोली ने अपनी यात्रा शुरू की। डोली के निकलते ही पूरा इलाका हर-हर महादेव के जयघोष से गूंज उठा।
मंदिर परिसर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। भक्तों ने फूल बरसाकर बाबा का आशीर्वाद लिया। करीब आठ कुंतल फूलों से मंदिर को सजाया गया था, जिससे माहौल पूरी तरह भक्तिमय दिखा।

तय कार्यक्रम के मुताबिक डोली पहले दिन ऊखीमठ से गुप्तकाशी पहुंचेगी, जहां विश्वनाथ मंदिर में कुछ देर विश्राम होगा। इसके बाद फाटा में रात्रि विश्राम किया जाएगा। 20 अप्रैल को डोली फाटा से चलकर गौरीकुंड पहुंचेगी, जहां रात गुजरेगी। 21 अप्रैल की सुबह गौरीकुंड से केदारनाथ धाम पहुंचकर डोली मंदिर भंडार में स्थापित होगी।
22 अप्रैल को सुबह 8 बजे शुभ मुहूर्त में विधि-विधान के साथ केदारनाथ धाम के कपाट खोल दिए जाएंगे। इसी के साथ केदारनाथ यात्रा 2026 की औपचारिक शुरुआत हो जाएगी। यात्रा को देखते हुए प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं।
सुरक्षा से लेकर यातायात, स्वास्थ्य सेवाएं, पेयजल, बिजली और पैदल मार्ग तक की व्यवस्था दुरुस्त की गई है। बर्फ हटाने का काम भी लगभग पूरा बताया जा रहा है। अलग-अलग सेक्टर में मजिस्ट्रेट तैनात किए गए हैं ताकि व्यवस्था पर नजर बनी रहे।






