Hardoi City

शर्ट पर लेखपाल का नाम लिख किसान ने दी जान… जमीन के गाटा नंबर को लेकर काट रहा था चक्कर

पूरा बहादुर गांव में किसान रणवीर सिंह का शव घर से 600 मीटर दूर पेड़ पर लटका मिला, शर्ट पर लिखा था-'लेखपाल अरुणेश यादव के कारण' परिजनों का आरोप उन्हें बार-बार पागल कहकर भगाया गया, मर्चुअरी पहुंचे एडीएम

हरदोई, 9 मई 2026:

हरदोई के सदर कोतवाली इलाके के पूरा बहादुर गांव में 58 वर्षीय किसान रणवीर सिंह ने फांसी लगाकर जान दे दी। शनिवार सुबह उनका शव घर से करीब 600 मीटर दूर एक पेड़ से लटका मिला। चौंकाने वाली बात यह रही कि रणवीर की शर्ट पर साफ लिखा था, ‘लेखपाल अरुणेश यादव के कारण’। किसान की जमीन संबंधी समस्या को लेकर लेखपाल के रवैए से ग्रामीण खफा हैं।

परिजनों के मुताबिक रणवीर सिंह गांव में चकबंदी प्रक्रिया के दौरान जमीन के रिकॉर्ड में हुई गड़बड़ी को लेकर लंबे समय से परेशान थे। उनका कहना था कि चकबंदी निरस्त होने के बाद उनकी करीब 55 बीघा जमीन के कुछ गाटा नंबर गायब हो गए या गलत दर्ज हो गए थे। इन्हें दुरुस्त कराने के लिए वह पिछले एक साल से लगातार लेखपाल अरुणेश यादव के पास जा रहे थे।

रणवीर के छोटे भाई गोपाल सिंह और बहनोई जयकरन ने आरोप लगाया कि लेखपाल उनकी शिकायत सुनने के बजाय रणवीर को पागल कहकर टाल देते थे। परिवार का कहना है कि इस बात से रणवीर बेहद आहत रहते थे। एक दिन पहले भी वह लेखपाल से मिलने गए थे, लेकिन वहां से निराश होकर लौटे। घर आने के कुछ घंटों बाद उन्होंने यह कदम उठा लिया।

रणवीर सिंह अपने पीछे पत्नी गीता, तीन बेटियां मीनू, मोनू और पारुल, तथा दो बेटे निशांत और अभय प्रताप सिंह को छोड़ गए हैं। परिवार खेती-किसानी से जुड़ा है। घटना की जानकारी मिलने पर एडीएम न्यायिक प्रफुल्ल त्रिपाठी पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंचे और परिजनों से बातचीत की।

सदर एसडीएम मयंक कुंडू ने बताया कि रणवीर सिंह तीन भाइयों में से एक थे और परिवार की करीब ढाई हेक्टेयर जमीन संयुक्त रूप से दर्ज है। उनके अनुसार रणवीर ने अपनी भूमि से जुड़ी कोई शिकायत न तो सदर तहसील में दर्ज कराई थी और न ही IGRS पोर्टल पर। फिलहाल राजस्व अभिलेखों और परिजनों के आरोपों की जांच कराई जा रही है।

READ MORE

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button