लखनऊ, 4 मई 2026:
लखनऊ विश्वविद्यालय में फीस वृद्धि को लेकर छात्रों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार को समाजवादी छात्र सभा के बैनर तले बड़ी संख्या में छात्रों ने कैंपस और सड़क पर उतरकर प्रदर्शन किया। छात्रों ने विश्वविद्यालय प्रशासन पर मनमाने तरीके से फीस बढ़ाने का आरोप लगाया और इसे तत्काल वापस लेने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने वीसी मुर्दाबाद और फीस वापस लो जैसे तीखे नारे लगाए। तख्तियां लेकर सड़क पर बैठे छात्रों ने धरना देते हुए साफ चेतावनी दी कि अगर उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज होगा। छात्रों का कहना है कि बढ़ी हुई फीस से आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के विद्यार्थियों की पढ़ाई पर सीधा असर पड़ेगा। इससे कई छात्रों का भविष्य खतरे में पड़ सकता है।

युवजन सभा के प्रिंस ने प्रशासन को 6 दिन का अल्टीमेटम देते हुए दो प्रमुख मांगें सामने रखीं।उन्होंने कहा कि पुराना फीस स्ट्रक्चर तुरंत लागू किया जाए और आंदोलन में शामिल छात्रों पर दर्ज मुकदमे वापस लेकर निलंबन समाप्त किया जाए। उन्होंने कहा कि छात्र अपराधी नहीं हैं। उन्हें पढ़ने का अधिकार चाहिए।
मौके पर पहुंचे प्रॉक्टोरियल बोर्ड के सदस्यों ने छात्रों को शांत कराने की कोशिश की लेकिन छात्रों का आक्रोश और बढ़ गया। चीफ प्रॉक्टर के साथ छात्रों की तीखी नोकझोंक भी देखने को मिली। हालांकि बाद में कुलपति के मौके पर आने का आश्वासन देकर स्थिति को कुछ हद तक नियंत्रित किया गया।
स्थिति की गंभीरता को देखते हुए कैंपस में भारी पुलिस बल तैनात रहा और पूरे घटनाक्रम पर कड़ी नजर रखी गई। फिलहाल छात्रों और प्रशासन के बीच टकराव की स्थिति बनी हुई है और आने वाले दिनों में आंदोलन के और तेज होने के संकेत मिल रहे हैं।






