लखनऊ, 3 मई 2026:
यूपी में युवाओं को रोजगार से जोड़ने के लिए योगी सरकार ने अब तक की सबसे बड़ी स्किलिंग पहल का खाका तैयार कर लिया है। सरदार पटेल एम्प्लॉयमेंट एंड इंडस्ट्रियल जोन्स के तहत प्रदेश में 12 मेगा स्किल हब और 63 जिला स्किल केंद्र स्थापित किए जाएंगे। करीब 14,760 करोड़ रुपये की लागत वाली इस योजना का लक्ष्य हर साल 10 लाख से अधिक युवाओं को एडवांस स्किलिंग देकर उन्हें रोजगार और स्वरोजगार के लिए तैयार करना है।
सरकार इस महत्वाकांक्षी योजना को हब एंड स्पोक मॉडल पर लागू करेगी। लखनऊ, गौतमबुद्धनगर, कानपुर, वाराणसी, गोरखपुर, आगरा, मेरठ, सहारनपुर, झांसी, बरेली, मुरादाबाद और गाजियाबाद जैसे बड़े शहरों में मेगा स्किल हब बनाए जाएंगे। 63 जिला स्किल केंद्र स्पोक के रूप में काम करेंगे। इससे कौशल विकास की पहुंच हर जिले तक सुनिश्चित होगी।
इस योजना की बड़ी खासियत यह है कि इसमें स्किलिंग को सीधे औद्योगिक विकास से जोड़ा गया है। मेगा हब बड़े स्तर पर प्रशिक्षण और निवेश आकर्षित करेंगे जबकि जिला केंद्र स्थानीय जरूरतों के अनुसार युवाओं को ट्रेनिंग देंगे। सरकार का लक्ष्य हर जिले में ऐसे इंडस्ट्रियल जोन विकसित करना है जहां प्रशिक्षण के साथ ही रोजगार के मौके भी उपलब्ध हों।
ट्रेनिंग में पारंपरिक कौशल के साथ रोबोटिक्स, डेटा एनालिटिक्स, इंडस्ट्रियल ऑटोमेशन और डिजिटल मार्केटिंग जैसे आधुनिक विषय शामिल होंगे। साथ ही सॉफ्ट स्किल, भाषा प्रशिक्षण और डिजिटल साक्षरता पर भी जोर दिया जाएगा। इससे ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ जैसी योजनाओं को नई ताकत मिलेगी।
योजना में निजी क्षेत्र की भी अहम भूमिका होगी। सरकार इंफ्रास्ट्रक्चर और शुरुआती निवेश देगी।संचालन निजी साझेदारों के जरिए किया जाएगा। शुरुआती पांच वर्षों तक वायबिलिटी गैप फंडिंग से इन संस्थानों को सहारा मिलेगा। इन स्किल हब में बिजली, पानी, सड़क, इंटरनेट, आवास, सुरक्षा, खेल और मनोरंजन जैसी आधुनिक सुविधाएं होंगी। साथ ही स्टार्टअप सपोर्ट, प्लेसमेंट एजेंसियां और रिसर्च सेंटर भी स्थापित किए जाएंगे।






