योगेंद्र मलिक
देहरादून, 21 फरवरी 2026:
मुख्यमंत्री द्वारा चलाए गए ‘जन-जन की सरकार, जन-जन के द्वार’ अभियान का 45 दिन का सफर शुक्रवार को अभूतपूर्व सफलता के साथ समाप्त हुआ। इस अभियान के दौरान राज्यभर में 681 शिविर आयोजित किए गए, जिनमें 5 लाख से ज्यादा लोगों ने भाग लिया। इन शिविरों के माध्यम से लगभग 33 हजार जन शिकायतों का निवारण किया गया।
बता दें कि मुख्यमंत्री धामी लगातार इस बात पर जोर दे रहे थे कि लोगों को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़े, बल्कि प्रशासन स्वयं उनके पास जाकर समस्याओं का समाधान करे। इसी के तहत यह अभियान दिसंबर 2025 में शुरू हुआ था और शुक्रवार 20 फरवरी को इसके समापन तक, यह अभियान पूरी तरह सफल साबित हुआ। अभियान के तहत प्रदेशभर में कुल 681 शिविर लगाए गए, जिसमें 5,33,452 लोगों ने विभिन्न सेवाओं का लाभ लिया और अपनी समस्याएं दर्ज कराईं। सिर्फ शुक्रवार को ही 11 शिविर आयोजित किए गए, जिनमें 8209 लोग शामिल हुए।

इस अभियान के दौरान 51,053 शिकायतें प्राप्त हुईं, जिनमें से 33,755 शिकायतों का मौके पर ही समाधान किया गया। शिविरों के माध्यम से विभिन्न प्रमाणपत्रों के लिए 74,184 आवेदन प्राप्त हुए, जिन पर त्वरित कार्यवाही की जा रही है। इसके अतिरिक्त, लगभग तीन लाख लोगों ने अन्य सरकारी सेवाओं का भी लाभ उठाया।
सीएम ने कहा कि यह अभियान इस बात का उदाहरण है कि प्रदेश सरकार सिर्फ योजनाओं की घोषणा तक सीमित नहीं रहती, बल्कि उनका प्रभावी क्रियान्वयन भी करती है। इस अभियान के जरिए सरकार ने यह साबित किया कि सही प्रशासन और बेहतर योजनाएं जनता तक पहुंचने का असली तरीका हैं। यह विशेष अभियान समाप्त हो चुका है, प्रशासन जनता के संपर्क में बना रहेगा।







