राजकिशोर तिवारी
रुद्रप्रयाग, 19 मई 2026:
ऊखीमठ स्थित पंचकेदारों में द्वितीय केदार भगवान मद्महेश्वर की उत्सव डोली मंगलवार को शीतकालीन गद्दीस्थल ओंकारेश्वर मंदिर (ऊखीमठ) से अपने धाम के लिए रवाना हुई। पूरा क्षेत्र हर-हर महादेव व बाबा मद्महेश्वर के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं की भीड़ ने पूरे क्षेत्र को शिवमय बना दिया। भगवान के दर्शन के लिए 21 मई को मंदिर के कपाट खुलेंगे।
डोली यात्रा के शुभारंभ से पूर्व मंदिर परिसर में विशेष पूजा-अर्चना की गई। इस दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने भगवान के दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया। इसके बाद पारंपरिक वाद्य यंत्रों और धार्मिक धुनों के बीच भगवान की डोली अपने प्रथम पड़ाव की ओर रवाना हुई। यात्रा मार्ग में विभिन्न स्थानों पर श्रद्धालुओं ने पुष्प वर्षा की। यात्रा शुरू होने के साथ ही मद्महेश्वर घाटी के प्रमुख पड़ाव मनसूना, राउलैक, उनियाणा, रासी, गौण्डार और बंतोली समेत अन्य क्षेत्रों में रौनक लौट आई है।
बीकेटीसी उपाध्यक्ष विजय कपरवान ने बताया कि भगवान मद्महेश्वर की चल विग्रह उत्सव डोली आज प्रथम रात्रि प्रवास के लिए राकेश्वरी मंदिर रासी पहुंचेगी। इसके बाद बुधवार को डोली अंतिम रात्रि प्रवास के लिए गौण्डार गांव पहुंचेगी और 21 मई को वेद ऋचाओं एवं वैदिक परंपराओं के अनुसार भगवान मद्महेश्वर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे।






