सीतापुर, 28 फरवरी 2026:
भागमभाग वाली जिंदगी में दिल कब धोखा दे जाए इसका कोई भरोसा नहीं, ऐसी ही एक घटना शहर के रोटी गोदाम मोहल्ले में हुई। यहां महज 24 घंटे के भीतर एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गई। मृतकों में सास, बहू और ससुर शामिल हैं।
पहले पत्नी की तबीयत बिगड़ी, अस्पताल में हुई मौत
मोहल्ला निवासी राघवेंद्र प्रसाद शुक्ल के परिवार में पत्नी, दो बेटे, बहू और एक पोती थी। गुरुवार सुबह उनकी पत्नी सरोजनी देवी की अचानक तबीयत खराब हो गई। परिजन उन्हें जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों ने प्रारंभिक जांच में हार्ट अटैक की आशंका जताई।
अगली सुबह बहू की भी थम गई धड़कन
परिवार अभी इस सदमे से उबर भी नहीं पाया था कि शुक्रवार सुबह करीब छह बजे बहू साधना शुक्ला, पत्नी प्रदीप शुक्ला की तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें भी जिला अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के अनुसार उनकी मौत की वजह भी हृदयाघात ही रही।
बहू की मौत का सदमा नहीं सह पाए ससुर
बहू की मौत की खबर सुनते ही राघवेंद्र प्रसाद शुक्ल गश खाकर गिर पड़े। उन्हें तुरंत उपचार के लिए ले जाया गया, मगर डॉक्टरों ने उन्हें भी मृत घोषित कर दिया। चिकित्सकों ने उनकी मौत का कारण भी हार्ट अटैक बताया। इस तरह 24 घंटे के भीतर परिवार के तीन सदस्यों की मौत से इलाके में शोक की लहर फैल गई।
घर का मंजर देख हर आंख नम
शुक्रवार सुबह घर का दृश्य बेहद मार्मिक था। राघवेंद्र और उनकी बहू साधना के शव पास-पास रखे थे। छह साल की मासूम अनन्या कभी मां तो कभी दादा का चेहरा देख रही थी। रोते-रोते उसकी आंखें सूख चुकी थीं। साधना के पति प्रदीप का रो-रोकर बुरा हाल था, जबकि छोटे बेटे संदीप की चीखें पूरे माहौल को और गमगीन कर रही थीं।
डॉक्टर बोले, हार्ट अटैक की आशंका
जिला अस्पताल के मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. इंद्र सिंह के अनुसार शुरुआती तौर पर तीनों मौतों की वजह हार्ट अटैक प्रतीत होती है। परिवार ने इसे स्वाभाविक मृत्यु मानते हुए पोस्टमार्टम नहीं कराया, इसलिए अंतिम कारण की पुष्टि नहीं हो सकी।






