
योगेंद्र मलिक
देहरादून, 22 जून 2026ः
जन शिकायतों के त्वरित और स्थायी समाधान को लेकर शासन ने कड़ा रुख अपनाया है। समाधान दिवस में सोमवार को डीएम डॉ. आशीष चौहान ने कहा कि जिन क्षेत्रों से लगातार अधिक शिकायतें आ रही हैं, वहां जीआईएस आधारित विश्लेषण कर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। इसके लिए उन्होंने एनआईसी को पिछले 10 समाधान दिवसों के डाटा का विभागवार विश्लेषण कर जीआईएस मैप तैयार करने के निर्देश दिए हैं।
डीएम ने कहा कि शिकायत बहुल क्षेत्रों की पहचान कर सीधे जिम्मेदार अफसरों पर कार्रवाई की जाएगी, ताकि समस्याओं का स्थायी निस्तारण हो सके। समाधान दिवस में डीएम ने 146 फरियादियों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर शिकायतों को लंबित रखना स्वीकार्य नहीं होगा। समाधान दिवस में भूमि पर अवैध कब्जा, अतिक्रमण, सीमांकन, बैंक ऋण माफी, विद्युत, पेयजल, विधिक एवं आर्थिक सहायता से जुड़ी शिकायतें प्रमुख रहीं।
डीएम ने सभी एसडीएम और निर्माणदायी विभागों के अधीक्षण अभियंताओं को निर्देश दिए कि यदि किसी कारणवश वे समाधान दिवस में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं हो सकते हैं तो वर्चुअल माध्यम से अनिवार्य रूप से जुड़ें, ताकि शिकायतों का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित किया जा सके। उन्होंने विशेष रूप से चकराता और कालसी जैसे दूरस्थ क्षेत्रों से प्राप्त शिकायतों के प्राथमिकता के आधार पर निस्तारण के निर्देश दिए।






